अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कैलिफोर्निया के दक्षिणी जिले के अमेरिकी जिला न्यायालय के न्यायाधीश के रूप में भारतीय-अमेरिकी शिरीन मैथ्यूज को नियुक्त किया है। इसपर नेशनल एशियन पैसिफिक अमेरिकन बार असोसिएशन (एनएपीएबीए) का कहना है कि अगर इसकी पुष्टि हो जाती है, तो मैथ्यूज संघीय न्यायाधीश के तौर पर काम करने वाली पहली एशियाई प्रशांत अमेरिकी महिला और पहली भारतीय-अमेरिकी होंगी।
न्यायाधीश "अच्छे व्यवहार के कारण ये पद धारण करते हैं"। कुछ परिस्थितियों को छोड़कर उनकी नियुक्ति जीवनभर के लिए होती है। इन न्यायाधीशों को प्रतिनिधि सभा द्वारा महाभियोग के माध्यम से और सीनेट द्वारा दोषी ठहराए जाने के बाद ही पद से हटाया जा सकता है।
वर्तमान में, मैथ्यूज सैन डिएगो में देश की पांचवीं सबसे बड़ी कानूनी कंपनी जोन्स डे में पार्टनर हैं। कंपनी में शामिल होने से पहले, मैथ्यूज ने दक्षिणी जिले कैलिफोर्निया के संयुक्त राज्य अमेरिका के अटॉर्नी कार्यालय में सहायक संयुक्त राज्य अटॉर्नी के तौर पर कार्य किया था।
व्हाइट हाउस के एक बयान में कहा गया है कि सरकारी सेवा में आने से पहले, मैथ्यूज सैन डिएगो में लेथम और वाटकिंस एलएलपी (कानून कंपनी) में सहयोगी के तौर पर कार्य कर रही थीं। एनएपीएबीए में मैथ्यूज को नामित करने के लिए ट्रंप की सराहना की जा रही है।