मंगलवार को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकाल का आखिरी दिन है। बुधवार (भारतीय समय के अनुसार बुधवार रात) को नए राष्ट्रपति जो बाइडन अमेरिकी राष्ट्रपति का पद संभालेंगे। ट्रंप का कार्यकाल स्थापित परंपराओं की अनदेखी के लिए याद रखा जाएगा। जाते-जाते ट्रंप एक और परंपरा तोड़ रहे हैं। अमेरिकी पंरपरा के मुताबिक निवर्तमान राष्ट्रपति आमंत्रित करके नए राष्ट्रपति व्हाइट हाउस ले जाते रहे हैं। साथ ही वे अपने साथ निर्वाचित राष्ट्रपति को शपथ ग्रहण के लिए कैपिटल हिल ले जाते हैं और वहां इस समारोह में शामिल होते हैं। लेकिन ट्रंप ऐसा नहीं करेंगे। वे शपथ ग्रहण से पहले ही बुधवार सुबह व्हाइट हाउस से चले जाएंगे।
खबरों के मुताबिक शपथ ग्रहण से पहले ही ट्रंप वाशिंगटन से ही बाहर चले जाएंगे। इसलिए व्हाइट हाउस में बाइडेन और उनकी पत्नी का स्वागत व्हाइट हाउस के अशर (उप-शिक्षक) टिमोथी हार्लेथ करेंगे। हार्लेथ को इस पद पर 2107 में ट्रंप ने नियुक्त किया था। बुधवार को दोपहर बाद बाइडन राष्ट्रीय कब्रगाह अर्लिंगटन जाकर वहां फूल-माला चढ़ाएंगे।
इस मौके पर पूर्व राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश और बराक ओबामा उनके साथ रहेंगे। इसी समय बाइडन के ज्यादातर सामान को व्हाइट हाउस पहुंचाया जाएगा। उसी दौरान व्हाइट हाउस की पूरी साफ-सफाई होगी। इस बार कोरोना महामारी के कारण सफाई के नए प्रोटोकॉल अपनाए जा रहे हैं।
अमेरिकी मीडिया में छपी खबरों के मुताबिक ट्रंप ने व्हाइट हाउस के भीतर भी काफी फेरबदल कर दिया। डोनाल्ड ट्रंप अपने बेडरूम के बजाय ज्यादातर समय उस जगह पर सोते थे, जो पहले के राष्ट्रपतियों के समय अध्ययन कक्ष होता था। इस जगह को ट्रंप ने बेडरूम में बदलवा दिया था। जबकि उनकी पत्नी मेलेनिया ट्रंप व्हाइट हाउस में मौजूद विशाल बेडरूम में ज्यादातर समय गुजारती थीं। सोमवार को ट्रंप के सामान को ट्रकों से फ्लोरिडा राज्य में पाम बीच पर स्थित मार-ए-लेगो ले जाया गया। राष्ट्रपति कार्यकाल के बाद ट्रंप ने इसी स्थल को अपना निवास बनाने का फैसला किया है।
पर्यवेक्षकों का कहना है कि शपथ ग्रहण समारोह का बहिष्कार करने के ट्रंप के फैसले से यहां किसी को ज्यादा हैरत नहीं हुई। ट्रंप पूरे चार साल तक शिष्टाचार तोड़ने और कई बार अपने बचकाना व्यवहार के लिए जाने जाते रहे। उन्होंने न तो अपने पूर्व राष्ट्रपति (बराक ओबामा) के लिए कभी इज्जत दिखाई, न ही उन्होंने कभी अपने उत्तराधिकारी (जो बाइडन) के लिए शिष्ट भाषा का इस्तेमाल किया।
अमेरिकी मीडिया में छपी खबरों के मुताबिक अपने पति के नक्शे-कदम पर चलते हुए मेलेनिया ट्रंप ने भी अगली फर्स्ट लेडी जिल बाइडेन से संपर्क नहीं किया है। जबकि परंपरा रही है कि निवर्तमान फर्स्ट लेडी नई फर्स्ट लेडी को आमंत्रित कर व्हाइट हाउस का दर्शन कराती रही हैं। मेलेनिया ट्रंप को पिछले दो हफ्तों में सार्वजनिक रूप से कहीं नहीं देखा गया है।
अतीत में ऐसी मिसालें रही हैं कि चुनाव अभियान की कड़वाहटों को फर्स्ट लेडी ने अपने ऊपर हावी नहीं होने दिया और रवायत निभाई। सीएनएन की वेबसाइट पर छपी एक रिपोर्ट में गुजरे जमाने के व्हाइट हाउस के अधिकारियों का हवाला दिया गया है। उनमें से एक अधिकारी ने कहा, मुझे याद है कि 1992 में बारबरा बुश ने हिलेरी क्लिंटन का स्वागत किया था। फिर साल 2000 में हिलेरी क्लिंटन ने लाउरा बुश का स्वागत किया। दोनों मौकों पर चुनाव अभियान बहुत टकराव भरा रहा था। लेकिन दोनों मौकों पर निवर्तमान फर्स्ट लेडी ने पूरी गरिमा और आतिथ्य सत्कार की भावना दिखाई।
लेकिन डोनाल्ड ट्रंप और उनका परिवार ऐसी भावना के लिए नहीं जाना जाता। अशिष्ट व्यवहार को ही ट्रंप ने अपनी सियासी पूंजी बना रखा थी। उसे संभाले रखते हुए वे व्हाइट हाउस से विदा हो रहे हैं।