NAACP ने पहली बार किसी मौजूदा राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को अपने सम्मेलन में नहीं बुलाने का फैसला किया है। समूह का मानना है कि ट्रंप नागरिक अधिकारों के खिलाफ काम कर रहे हैं।
नेशनल एसोसिएशन फॉर द एडवांसमेंट ऑफ कलर्ड पीपल (NAACP) ने सोमवार को कहा कि वे अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को अपने अगले महीने होने वाले सम्मेलन में नहीं बुलाएंगे। यह सम्मेलन उत्तरी कैरोलिना के शार्लोट शहर में होगा। ऐसा पहली बार हुआ है कि 116 साल पुराने नागरिक अधिकार संगठन ने किसी वर्तमान राष्ट्रपति को अपने कार्यक्रम में आमंत्रित नहीं किया है।
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NAACP के अध्यक्ष डेरिक जॉनसन ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपने इस कदम की घोषणा की। उन्होंने ट्रंप पर अपने मिशन के खिलाफ काम करने का आरोप लगाया। जॉनसन ने एक बयान में कहा कि इसका राजनीतिक पार्टी से कोई लेना-देना नहीं है। हमारा मिशन नागरिक अधिकारों को आगे बढ़ना है। उन्होंने कहा कि वर्तमान राष्ट्रपति ने स्पष्ट कर दिया है कि उनका मिशन नागरिक अधिकारों को खत्म करना है। व्हाइट हाउस से इस पर तुरंत कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली।
समूह ने ट्रंप के खिलाफ कई मुकदमे दायर किए
हाल के महीनों में NAACP ने ट्रंप के खिलाफ कई मुकदमे दायर किए हैं। उदाहरण के लिए, अप्रैल में समूह ने एक मुकदमा दायर किया ताकि शिक्षा विभाग स्कूलों को मिलने वाली फंडिंग न रोके, सिर्फ इसलिए कि उन्होंने विविधता और समानता से जुड़े कार्यक्रम बंद नहीं किए। संगठन का कहना है कि यह अश्वेत छात्रों के लिए बराबरी के अवसर खत्म करने जैसा है।
NAACP सम्मेलन में भाग लेने वाले पहले राष्ट्रपति थे ट्रूमैन
NAACP ने एक बयान में कहा, 'हमारे सम्मेलन में पहले भी रिपब्लिकन और डेमोक्रेट दोनों पार्टियों के नेता शामिल होते रहे हैं। डेमोक्रेट राष्ट्रपति हैरी ट्रूमैन 1947 में NAACP सम्मेलन में शामिल होने वाले पहले राष्ट्रपति थे। NAACP अधिकारियों ने कहा कि यह निर्णय महत्वपूर्ण था क्योंकि संगठन ने लंबे समय से ऐसे राष्ट्रपतियों को आमंत्रित किया था, जिनके साथ उसके नीतिगत मतभेद थे।
2006 में सम्मेलन में शामिल हुए थे बुश
उल्लेखनीय रूप से, रिपब्लिकन राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश 2006 में सम्मेलन में शामिल हुए, हालांकि उनके प्रशासन की 2005 में आए तूफान कैटरीना से निपटने के तरीके की आलोचना हुई थी, जिसने अश्वेत लोगों को खासा नुकसान पहुंचाया था। रिपब्लिकन राष्ट्रपति रोनाल्ड रीगन ने भी 1981 में सम्मेलन में हिस्सा लिया था, जबकि उन पर 'वेलफेयर क्वीन' जैसे शब्द इस्तेमाल करने के कारण नस्लीय टिप्पणी करने के आरोप लगे थे। इस शब्द को कई लोग अश्वेत महिलाओं के खिलाफ नस्लीय रूप में देखते थे।