कोविड-19 महामारी को लेकर अमेरिका और चीन के बीच चला आ रहा वाकयुद्ध अब ‘युद्धविराम’ में तब्दील हो गया है। इसके साथ ही कोरोना वायरस अब ‘वुहान वायरस’ नहीं रह गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 26 मार्च को अपने चीनी समकक्ष शी जिनपिंग से फोन पर वार्ता होने के बाद से कोरोना वायरस को ‘चाइनीज वायरस’ कहना बंद कर दिया था। वहीं अब कोरोना वायरस को ‘वुहान वायरस’ कहते रहे अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो भी अब सहयोग की बात कहते नजर आ रहे हैं।
पोम्पियो ने चीन के बारे में पूछे जाने पर मंगलवार को कहा, टहम जानते हैं कि यह एक वैश्विक महामारी है और यह समय हर देश के लिए संकट का समाधान निकालने को मिलकर काम करने का है। वहीं वाशिंगटन में चीन के राजदूत कुई तियानकई ने न्यूयॉर्क टाइम्स से कहा कि अमेरिकियों से उन्हें लगाव है और वचनबद्ध चीन अमेरिका की मदद के लिए सब कुछ करेगा। हालांकि चीन ने अमेरिका के व्यवहार पर नाराजगी जताते हुए पिछले महीने यह कह दिया था कि वुहान में वायरस को अमेरिकी सैनिकों ने पहुंचाया।ट