चीन में कोरोना वायरस का प्रकोप घटने के बाद बीजिंग में एक मेट्रो स्टेशन पर काफी संख्या में मौजूद लोग।
- फोटो : PTI
कोरोना दुनिया के 212 देशों में कहर बरपा रहा है। अमेरिका, फ्रांस, इटली, स्पेन, ब्रिटेन, जापान, भारत समेत कई देशों में इससे बचाव के लिए लॉकडाउन का फैसला लेना पड़ा। जिससे अर्थव्यव्स्था बुरी तरह प्रभावित हो गई है। इस बीच कई देशों में संक्रमण के मामले बढ़ने के बावजूद अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए धीरे-धीरे लॉकडाउन खोलने की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। जबकि दुनिया में मरीजों की संख्या 33 लाख को पार कर चुकी है।
जॉन्स हॉपकिंस यूनिवर्सिटी के अनुसार दुनियाभर में संक्रमण से मरने वालों की संख्या 2,37,720 हो चुकी है जबकि अमेरिका में पिछले 24 घंटे में अब भी 2,000 से ज्यादा लोगों के मरने की खबर है। अमेरिका में कुल मृतक 64 हजार से ज्यादा हो चुके हैं लेकिन राज्यों के साथ ट्रंप प्रशासन बाजार खोलने की तैयारियां कर रहा है। यूरोपीय देशों में आधिकारिक रूप से लॉकडाउन में ढील देना शुरू हो चुका है जबकि हालात अभी भी सामान्य नहीं हैं।
अमेरिका, यूरोप के बाद अब रूस में बढ़ रहे मामले
अमेरिका और यूरोपीय देशों में कहर बरपाने वाला कोरोना वायरस संक्रमण अब रूस की तरफ रुख करता दिखाई दे रहा है। शुक्रवार को रूस में कोरोना संक्रमण के करीब 8,000 नए मामले सामने आए जिसके बाद देश में कुल मामले बढ़कर 1,14,431 हो गए हैं। यहां एक दिन में अब तक सर्वाधिक 7,933 मामले सामने आए हैं। प्रधानमंत्री मिखाइल मिशुस्तीन भी संक्रमण से घिर चुके हैं। देश में मरने वालों का आंकड़ा 1,169 पर पहुंच चुका है। पीएम मोदी ने मिशुस्तीन के जल्द स्वस्थ होने की कामना की है।
चीन की चिंता : बिना लक्षण वाले मरीज बढ़ रहे
चीन में बिना लक्षण वाले संक्रमण के मामले बढ़कर 981 तक पहुंच गए हैं। इनमें से 631 हुबेई प्रांत और उसकी राजधानी वुहान से हैं। कोरोना यहीं से उभरा है। सरकार ने मई दिवस की 5 दिन की छुट्टी में संक्रमण फैलने के खतरे को देखते हुए सतर्कता बढ़ा दी है। वहीं, चीन में कोरोना के मामले घटने के बाद पूरे देश में सामान्य गतिविधियां बहाल कर दी गई हैं। पार्क भी खुल गए हैं।
इंग्लैंड : गरीब क्षेत्रों में मौतों की रफ्तार दोगुनी रही
शुक्रवार के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, इंग्लैंड में कोरोना वायरस के चलते वंचित (गरीब) क्षेत्रों में मौतों की रफ्तार दोगुने से ज्यादा रही हैं। यानी ये मौतें वंचित क्षेत्रों में प्रति एक लाख लोगों में 55.1 फीसदी थीं जबकि कम वंचित स्थानों में प्रति लाख यह आंकड़ा 25.3 फीसदी रहा। राजधानी में सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्र न्यूहैम, ब्रेंट और हैकनी के थे, जो सबसे गरीब हैं।
राहत: अब तक 10.60 लाख ने बीमारी को दी मात
दुनिया में तेजी से फैल रहे कोरोना वायरस के बीच राहत की खबर यह है कि बीमारी को मात देने वालों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। दुनिया में कोरोना वायरस की महामारी से ठीक होने वालों की संख्या 10 लाख का आंकड़ा पार कर चुकी है। जॉन्स हॉपकिंस यूनिवर्सिटी के आंकड़ों के अनुसार, दुनिया में अब तक 10,69,801 लोग कोरोना वायरस महामारी को हराकर अस्पताल से बाहर आ चुके हैं।
मलयेशिया : दो माह का लॉकडाउन खत्म होने से पहले ही दे दी राहत
मलयेशिया दो माह का लॉकडाउन खत्म होने से कुछ पहले ही सोमवार से अधिकांश आर्थिक क्षेत्रों व व्यावसायिक गतिविधियों को दोबारा खोलने की अनुमति दे देगा। हाल ही के सप्ताहों में संक्रमण के तेजी से गिरने के बाद पीएम मुहीदीन यासिन ने अर्थव्यवस्था को पुनर्जीवित करने की जरूरत पर बल दिया। देश को लॉकडाउन से 14.7 अरब डॉलर का नुकसान हुआ है।
कई यूरोपीय देशों में दी जा रही ढील
लॉकडाउन के चलते ठप पड़ी अर्थव्यवस्था का बोझ संभालना मुश्किल हो रहा है। सबसे ज्यादा यूरोपीय देशों में लॉकडाउन में ढील देने की शुरुआत हो गई है। जर्मनी, डेनमार्क, नार्वे और पोलैंड ने जहां लॉकडाउन खत्म कर दिया है। वहीं, इटली और स्पेन जैसे सबसे ज्यादा प्रभावित देशों ने छूट देने की तैयारी शुरू कर दी है।