ब्रिटेन में भारतीय समुदाय का दबदबा बढ़ा
लेबर पार्टी के इस रणनीतिक तेवरों को वहां भारतीय समुदाय के सियासत में बढ़ते दबदबे के रूप में देखा जा रहा है। लेबर पार्टी पर यह तमगा लग गया है कि वह प्रवासी भारतीय समुदाय की विरोधी है और इसका नतीजा ब्रिटेन में होने वाले चुनाव में पार्टी की करारी हार को देखकर लगाया जा सकता है। स्टर्मर का बदलता रुख ब्रिटेन में भारतीय समुदाय में लेबर पार्टी के आधार को मजबूत बनाने के रूप में देखा जा रहा है।
भारतीयों का भरोसा बहाल करने को प्रतिबद्ध
स्टर्मर ने कहा, ‘भारतीय मूल के ब्रिटेन वासी ब्रिटेन और लेबर पार्टी के लिये काफी योगदान देते हैं। मैं इस समुदाय का भरोसा बहाल करने के लिए ‘लेबर फ्रेंड्स ऑफ इंडिया’ (एलएफआईएन) के साथ करीबी रूप से काम करने के लिये प्रतिबद्ध हूं।’ उन्होंने कहा कि वह वेस्टमिंस्टर में और स्थानीय सरकार के स्तर पर निर्वाचित पदों पर और अधिक भारतीय मूल के ब्रिटेन वासियों को प्रोत्साहित करेंगे।
हिंदूफोबिया छोड़ समुदाय से अच्छे रिश्ते बनाएंगे
लेबर पार्टी के नेता चुने जाने के बाद कीर स्टर्मर ने ये बातें हिंदू फोरम ब्रिटेन की अध्यक्ष तृप्ति पटेल को एक पत्र में लिखते हुए कहा कि मैंने अपनी नियुक्ति के तुरंत बाद अपने कार्यालय को आपसे संपर्क करने के लिए कहा ताकि लेबर पार्टी और हिंदू समुदाय में अहम रिश्ते फिर से बनाया जाएं। उन्होंने कहा, मैं एक ऐसी लेबर पार्टी का नेतृत्व करूंगा जो हिंदूफोबिया समेत सभी तरह के भेदभाव के विरुद्ध होगी।