आंकड़े डिलीट किए जाने की जानकारी देने वाले और कुछ आंकड़ों को हासिल करने में सफल रहे अमेरिकी प्रोफेसर ब्लूम ने कहा, ''मैं पहले भी सुझाव दे चुका हूं कि चीन के आधिकारिक एलान से बहुत पहले ही कोरोना वायरस चीन में फैल रहा था, लेकिन चीन सबसे जानकारी छिपाता रहा।''
वुहान लैब से ही फैला वायरस!
चीन के इस कदम से कोरोना वायरस के प्रयोगशाला से उत्पन्न होने की आशंकाओं को बल मिला है। ब्रिटिश प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन के पूर्व सलाहकार डोमिनिक कुमिंग्स ने कहा कि प्रो. जेस ब्लूम की जानकारी कोरोना वायरस के लैब से फैलने की ओर संकेत करती है। इसके पहले विश्व स्वास्थ्य संगठन की एक विशेषज्ञ टीम ने इस साल की शुरुआत में जांच के लिए चीन का दौरा किया था, लेकिन चीन ने इस टीम को कोई जानकारी नहीं दी।
अमेरिकी खुफिया एजेंसी कर रही जांच
दुनियाभर के नेता और वैज्ञानिक कोरोना वायरस की उत्पत्ति की जांच को लेकर चीन के नकारात्मक रुख से बेहद निराश हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने कोरोना वायरस की उत्पत्ति का पता लगाने के लिए अपनी खुफिया एजेंसियों को फिर से जांच करने का आदेश दिया है। हालांकि, चीन ने कहा है कि कोरोना वायरस के प्रसार में वुहान स्थित प्रयोगशाला का लेना-देना नहीं है।