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रूस में कोविड-19 से संक्रमितों के इलाज के लिए नई दवा एविफेविर को मंजूरी

Fri, 12 Jun 2020 03:21 PM IST
Tanuja Yadav वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, मॉस्को

सार

  • रूस में कोरोना से लड़ने के लिए नई दवा एविफेयर को मंजूरी
  • अमेरिका, ब्राजील के बाद रूस में कोरोना के पांच लाख से ज्यादा मामले
  • दस देशों ने इस दवाई को रूस से मंगाने की बात कही है
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रूस में नई दवा एविफेयर को मंजूरी - फोटो : PTI
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विस्तार
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दुनिया में कोरोना का संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है। मौजूदा समय में कोरोना से संक्रमित लोगों की संख्या 76,09,728 पहुंच गई है तो वहीं मरने वालों की संख्या 4,24,000 के पार चली गई है। हालांकि 38,50,000 से ज्यादा लोगों ने कोरोना वायरस पर जीत पाई है यानि कि इतने लोग ठीक हो गए हैं।

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कोरोना से सबसे ज्यादा प्रभावित देश अमेरिका है जहां 1,16,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है और करीब 21 लाख लोग कोविड-19 से संक्रमित है। वहीं रूस ने गुरुवार को कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों के इलाज के लिए एक नई दवा एविफेयर को मंजूरी दी है। इस दवा को रूस में विकसित किया गया है। रूस के स्वास्थ्य मंत्रालय ने इसकी मंजूरी दी है।


हालांकि इस दवा का परीक्षण भी बहुत कम किया गया है। रूस ने इस दवा को कारगर बताया और कहा कि दस से ज्यादा देशों ने उससे इस दवा की मांग की है। रूस में संक्रमण के मामले पांच लाख से ज्यादा हो गए हैं। यहां 24 घंटे में 8,779 नए मामले सामने आए हैं।
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अमेरिका और ब्राजील के बाद यह सबसे संक्रमित देश है। रूस में 6,532 लोगों की जान जा चुकी है और 1.3 करोड़ लोगों की कोरोना की जांच हो चुकी है। वहीं दूसरी तरफ नेपाल स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, देश में आज ढाई सौ मामले और रिपोर्ट किए गए। यहां कुल संख्या में तो की संख्या 4,614 हो गई है।

बीजिंग में 56 दिन बाद पहला केस 
चीन की राजधानी बीजिंग में 56 दिन बाद कोरोना संक्रमण का पहला मामला सामने आया है। वहीं, चीन में 16 नए मामले दर्ज किए गए हैं। देश में अब तक 83,057 मामले सामने आए हैं। 78,361 मरीज डिस्चार्ज हो गए हैं और 4,634 लोगों की मौत हो गई है। बता दें कि महामारी की शुरुआत चीन के वुहान शहर से हुई थी।

अमेरिका में सितंबर तक दो लाख लोगों की मौत की आशंका
अमेरिका में भारतीय मूल के एक जाने-माने प्रोफेसर ने सचेत किया है कि इस साल सितंबर तक देश में कोरोना वायरस के कारण मरने वालों की संख्या दो लाख तक पहुंच सकती है। कोविड-19 के मामलों में बड़ी गिरावट की उम्मीद करना ख्याली पुलाव पकाने के समान होगा।

हार्वर्ड में 'ग्लोबल हेल्थ इंस्टीट्यूट' के मूल प्रमुख आशीष झा ने बुधवार को सीएनएन से कहा कि वह लोगों को घर में रहने के लिए डराने की कोशिश नहीं कर रहे हैं। वह लोगों से मास्क पहनने, सामाजिक दूरी के नियमों का पालन करने, जांच की संख्या बढ़ाने और संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए लोगों का पता लगाने के लिए बुनियादी ढांचा मजबूत करने की अपील कर रहे हैं।

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