फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पाकिस्तान: कराची यूनिवर्सिटी में हुई मौतों के बाद नागरिकों की जान को लेकर चिंता में चीन, शाहबाज सरकार से भी भरोसा उठा

Sun, 08 May 2022 11:26 AM IST
कीर्तिवर्धन मिश्र वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद

सार

पाकिस्तान के मीडिया समूह द डॉन से बातचीत में सीनेट रक्षा समिति के अध्यक्ष और सांसद मुशाहिद हुसैन ने कहा कि चीन का पाकिस्तान के सुरक्षा सिस्टम पर भरोसा उठ चुका है। उन्हें नहीं लगता कि पाकिस्तान में उनके नागरिक पूरी तरह सुरक्षित हैं।
विज्ञापन
चीन-पाकिस्तान
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पाकिस्तान में आतंकी हमलों की खबरें कोई नई बात नहीं है। चौंकाने वाली बात यह है कि अब यह हमले कई मुख्य शहरों के अहम ठिकानों पर होने लगे हैं। ऐसा ही एक हालिया आतंकी हमला कराची यूनिवर्सिटी के परिसर में हुआ। यहां एक आत्मघाती हमले में तीन चीनी नागरिकों और एक पाकिस्तान वैन ड्राइवर समेत चार लोगों की जान चली गई थी। इस घटना के बाद से ही चीन को पाकिस्तान में रह रहे अपने नागरिकों की सुरक्षा को लेकर डर सताने लगा है। बताया गया है कि चीन को अब पाकिस्तान की खुफिया एजेंसियों की तैयारियों तक पर भरोसा नहीं है। 
विज्ञापन


पाकिस्तान के मीडिया समूह द डॉन से बातचीत में सीनेट रक्षा समिति के अध्यक्ष और सांसद मुशाहिद हुसैन ने कहा कि चीन का पाकिस्तान के सुरक्षा सिस्टम पर भरोसा उठ चुका है। उन्हें नहीं लगता कि पाकिस्तान में उनके नागरिक पूरी तरह सुरक्षित हैं। उनका भरोसा डिगा हुआ है। हुसैन ने कहा, "बीते कुछ समय में सामने आई आतंकी घटनाओं ने चीन में चिंता पैदा कर दी है। खासकर जिस तरह से हमले हो रहे हैं, यह साफ है कि पाकिस्तान की ओर से सुरक्षा प्रदान किए जाने के वादे महज शब्द बन कर रह गए हैं और जमीन पर कुछ नहीं हो रहा।"

हुसैन ने पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियों को फटकार लगाते हुए उन पर लापरवाही का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि ऐसे मुश्किल हालात पैदा होने के बाद हमारी सुरक्षा एजेंसियां सोते हुए पाई गईं। अगर ऐसे हमले जारी रहे, तो न सिर्फ चीन के लोग, बल्कि बाकी विदेशी निवेशकों को भी पाकिस्तान में अपनी भूमिका की समीक्षा करनी होगी। 
विज्ञापन


गौरतलब है कि इसी साल के अंदर यह चीनी नागरिकों पर हमले का तीसरा मामला है। कई रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि चीनी नागरिक इन आतंकी घटनाओं के बाद पाकिस्तान छोड़कर लौट रहे हैं, हालांकि चीन की तरफ से ऐसी खबरों की पुष्टि नहीं हुई है। कराची यूनिवर्सिटी में जिन चीनी नागरिकों की मौत हुई थी, वे तीनों ही यहां कन्फ्यूशियस इंस्टीट्यूट में प्रोफेसर थे। 
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें