फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भारतीय उत्पादों के लिए बाजार खोले चीन: भारत

Wed, 25 May 2016 11:51 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली

सार

  • राष्ट्रपति ने समान द्विपक्षीय कारोबार की वकालत की
  • चीन की आर्थिक उपलब्धियां भारत के लिए प्रेरणास्रोत
विज्ञापन
प्रण्‍ाब
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

समान द्विपक्षीय कारोबार की वकालत करते हुए भारत ने अपनी औषधियों, आईटी व इससे जुड़ी सेवाओं और कृषि उत्पादों के लिए चीन से बाजारों तक पहुंच आसान करने को कहा है। चार दिन के दौरे पर चीन पहुंचे राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने बुधवार को भारत-चीन बिजनेस फोरम की बैठक को संबोधित किया। उन्होंने कहा, ‘द्विपक्षीय कारोबार लगातार चीन के पक्ष में है, ऐसे में हम इसे उचित एवं न्यायसंगत बनाने के लिए व्यापार को बढ़ाना चाहते हैं।’ 
विज्ञापन


दक्षिणी चीन के औद्योगिक हब में प्रणब मुखर्जी ने कहा कि भारत चीन में अपने उत्पादों के लिए बड़े बाजार चाहता है। भारत और चीन के बीच कारोबार घाटा बढ़कर अप्रैल-जनवरी 2015-16 के दौरान 44.7 अरब डॉलर हो गया। इस अवधि में भारत ने चीन को 7.56 अरब डॉलर का निर्यात किया जबकि चीन से आयात 52.26 अरब डॉलर तक पहुंच गया। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार 2014-15 में यह घाटा 48.48 अरब डॉलर था।

द्विपक्षीय कारोबार बढ़ाने के लिए राष्ट्रपति ने चीनी निवेशकों को अनुकूल माहौल उपलब्ध कराने का वादा किया। साथ ही ‘मेक इन इंडिया’ एवं अन्य अभियानों में शामिल होने के लिए प्रणब ने उन्हें आमंत्रित भी किया। राष्ट्रपति ने कहा, ‘हम आपके प्रयासों को सुविधाजनक बनाएंगे जिससे भारत में निवेश से आपको लाभ हो। हम चाहते हैं कि इस अवसर का लाभ दोनों देशों की अर्थव्यवस्था को हो।’
विज्ञापन


प्रणब मुखर्जी ने आगे कहा कि चीन की आर्थिक उपलब्धियां भारत के लिए प्रेरणास्रोत हैं। इस फोरम में दोनों देशों के उद्योगपति और कारोबारी शामिल हुए। राष्ट्रपति बृहस्पतिवार को अपने चीनी समकक्ष शी जिनपिंग समेत कई अन्य नेताओं से मुलाकात करेंगे। 
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें