एक हैक न किए जा सकने वाले वैश्विक क्वांटम संचार नेटवर्क की नींव रखते हुए चीन ने अपने सैटेलाइट से पृथ्वी पर हैक न किया जा सकने वाला सिगनल भेजा हैै। चीन के सरकारी मीडिया ने इसकी जानकारी दी।
यह उपलब्धि दुनिया के पहले क्वांटम उपग्रह, क्वांटम एक्सपेरीमेंट एट स्पेस स्केल (क्वेस) के साथ प्रयोग पर आधारित है। इसे चीन की आधिकारिक अकादमिक नेचर पत्रिका में प्रकाशित किया गया।
सरकारी न्यूज एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार, नेचर के समीक्षकों ने अपनी टिप्पणी में कहा कि यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है और इसने इस क्षेत्र में एक मील का पत्थर गाड़ दिया है। इस सैटेलाइट का नाम ईसा पूर्व पांचवीं शताब्दी दार्शनिक और वैज्ञानिक ‘मिसियस’ के नाम पर रखा गया है।
सबसे पहले ऑप्टिकल प्रयोग करने का श्रेय मिसियस को ही दिया जाता है। 600 किलो वजन के इस उपग्रह को सूर्य की एक समकालिक कक्षा में 500 किमी की ऊंचाई पर 16 अगस्त, 2016 को भेजा गया था।