चीन की सेना अपनी शक्ति का प्रदर्शन करती हुई
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दक्षिण चीन सागर को लेकर अमेरिका के साथ चल रही तनातनी के बीच चीन अपना रक्षा बजट पेश करने वाला है। ड्रैगन ने कहा है कि इस बार वह अपने सैन्य बजट में सात से आठ फीसदी की बढ़ोत्तरी करेगा। हालांकि सरकार कितनी बढ़ोत्तरी करती है, इसका पता शनिवार को पेश होने वाली बजट रिपोर्ट से ही चल सकेगा।
चीन की नेशनल पीपुल्स कांग्रेस (एनपीसी) के सालाना सेशन की प्रवक्ता फु यिंग ने बताया कि चीन का सैन्य बजट इस साल भी बढ़ेगा, लेकिन इसमें बढ़ोत्तरी पिछले साल के मुकाबले कम होगी।
फू ने अमेरिका पर निशाना साधते हुए कहा कि यूएस दक्षिण चीन सागर का मुद्दा उठाकर हमें सैन्य बजट बढ़ाने पर मजबूर कर रहा है। 2015 में चीन का रक्षा बजट 10.1 फीसदी से बढ़ाया गया था।
145 अरब डॉलर का है बजट
145 अरब डॉलर का यह बजट भारती की दृष्टि से तीन गुना ज्यादा था। इस दौरान फू ने ओबामा प्रशासन पर दक्षिण चीन सागर में अपनी सेना तैनात करने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि अमेरिका हमें सागर में सेना न तैनात करने की हिदायत दे रहा है, लेकिन वह खुद भी यही कर रहा है। उन्होंने कहा कि चीन दूसरे देशों के मामले में हस्तक्षेप करने की जरूरत नहीं समझता, इसलिए दूसरे देशों को भी इसके मामले में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए।