अमेरिकी थिंक टैंक ने स्पष्ट किया है कि चीन अपने तीसरे विमान वाहक पोत का निर्माण करने में जुट गया है। थिंक टैंक ने दावा किया कि उपग्रह से खींची गई हालिया तस्वीरें इस बात का संकेत देती हैं कि चीन इस पोत का निर्माण बड़ी तेजी के साथ कर रहा है।
सामरिक एवं अंतरराष्ट्रीय अध्ययन केंद्र की इकाई ‘चाइनापावर’ ने शंघाई के जियांगनान शिपयार्ड में निर्माणाधीन एक बड़े पोत की तस्वीरें प्रकाशित की हैं। ऐसी संभावना है कि यह 80 से 85 हजार टन के ‘टाइप-002’ विमान वाहक पोत के निर्माण की शुरुआत है। जिसके बारे में चीनी नौसेना द्वारा गोपनीय योजना बनाने की बात कही जा रही है।
‘चाइनापावर’ ने कहा, ‘बादलों और कोहरे के बीच यह दिखाई देता प्रतीत होता है कि यह किसी बड़े पोत का ढांचा है।’ उसने कहा, ‘टाइप-002’ से संबंधित जानकारियां सीमित हैं, लेकिन जियांगनान में जो दिखाई दिया है, वह पीपुल्स लिबरेशन आर्मी की नौसेना के तीसरे विमान वाहक की तरह लगता है।’ एक वरिष्ठ चीनी नौसेना के विशेषज्ञ ने जनवरी में कहा था कि चीन को अपनी तटरेखा और वैश्विक हितों की रक्षा के लिए ‘कम से कम’ तीन विमान वाहकों की आवश्यकता है।
2022 तक निर्माण पूरा होने की उम्मीद
चीन ने अपना 66,000 टन वजनी विमान वाहक पोत ‘लिओनिंग’ रूस से खरीदा था, जो तीन दशक पुराना है। चीन का दूसरा ‘टाइप-001-ए’ विमान वाहक स्वदेश निर्मित है। ‘चाइनापावर’ ने ऑनलाइन प्रकाशित एक रिपोर्ट में कहा कि इस पोत का निर्माण 2022 तक पूरा होने की उम्मीद है।