बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा पर सवाल
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बांग्लादेश में इस वक्त अस्थिरता का माहौल है। शेख हसीना के प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद भी हिंसा नहीं रुक रही है। इन हिंसक घटनाओं में कई जिलों में विशेष रूप से अल्पसंख्यकों के घरों और मंदिरों को निशाना बनाया गया। सुरक्षा बलों की गैर मौजूदगी में सोमवार से हिंदुओं पर हमले बढ़ गए हैं। यहां तक कि प्रसिद्ध हिंदू कलाकार राहुल आनंदा के घर को आग के हवाले कर दिया गया।
बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हमले को लेकर भारत समेत दुनिया भर के संगठनों ने चिंता जताई है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि भारत अल्पसंख्यकों की स्थिति पर नजर रख रहा है।
आइये जानते हैं कि बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ क्या हो रहा है?किन किन जगहों पर समुदाय को निशाना बनाया गया है? हमलों पर किस किसने चिंता जताई है? बांग्लादेश में हिंदुओं की आबादी कितनी है?
बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर हमले।
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बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ क्या हो रहा है?
पड़ोसी बांग्लादेश में आरक्षण के मुद्दे पर जारी छात्र आंदोलन के बीच 5 अगस्त को शेख हसीना ने प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। इस्तीफे के साथ ही पूर्व प्रधानमंत्री देश छोड़कर भारत आ गईं। उधर सरकार बदलने के साथ ही देश भर में कई जिलों में अल्पसंख्यकों के घरों, दुकानों और पूजा स्थलों में तोड़फोड़ की गई।
बांग्लादेश के प्रमुख अखबार डेली स्टार ने रिपोर्ट दी कि सोमवार को ही कम से कम 27 जिलों में हिंदुओं के घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर भीड़ ने हमला किया और उनके कीमती सामान भी लूट लिए गए।
बांग्लादेश में आरक्षण आंदोलन
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सोमवार और मंगलवार को इन इलाकों में हिंदुओं को बनाया गया निशाना
- ढाका - धानमंडी में कलाकार और बैंड जोलर गान के फ्रंटमैन राहुल आनंदा का घर।
- चटगांव - रावजान उपजिलें में दो हिंदुओं के घर।
- शरियतपुर - धानुका मनसा बारी मंदिर।
- दिनाजपुर - सेंटर श्मशान घाट और पार्वतीपुर उपजिला के काली मंदिर समेत पांच मंदिर।
- चिरीरबंदर उपजिला - कुछ हिंदू परिवारों के घर।
- बिरमपुर उपजिला - घर और दुकानें।
- बोचागंज उपजिला - कई हिंदू परिवार।
- पटुआखाली - कुआकाटा में एक मंदिर और हिंदू समुदाय के दो घर।
- कोलापारा नगरपालिका - मेयर बिपुल हलधर का घर।
- बरिशाल - गौरानदी उपजिला में दुकान, महिलाओं के घर, कटपट्टी, चौकबाजार और बाजार रोड इलाकों में भी।
- बोगुरा - गबटोली उपजिला के पालपारा गांव में हिंदू घरों में आगजनी।
- लालमोनिरहाट सदर उपजिला - तेलीपारा गांव में लालमोनिरहाट पूजा उद्जापन परिषद के सचिव प्रदीप चंद्र रॉय का घर, थाना रोड में पूजा उद्योग परिषद के नगरपालिका सदस्य मुहिन रॉय की कंप्यूटर दुकान।
- कालीगंज उपजिला - चंद्रपुर गांव में चार हिंदू परिवारों के घर।
- हातिबंधा उपजिला - पुरबो सरदुबी गांव में 12 हिंदुओं के घर।
- पंचगढ़ सदर उपजिला - कई हिंदुओं के घर।
- दिनाजपुर शहर और अन्य उपजिलें - कम से कम 10 हिंदुओं के घर।
- दिनाजपुर - रेलबाजारहाट स्थित मंदिर, बिराल उपजिले, गुंजाबारी, गुंजाबारी और बाराबंदर क्षेत्र में घर।
- खानसामा उपजिला - तीन हिंदुओं के घर।
- लक्ष्मीपुर - दो मंजिला इमारत।
- खुलना - घर।
- गौरानाडी (बरिशाल) - घर।
- बोगुरा - सथमथा और सोनाटोला में एक गोदाम और दुकान।
- पटुआखाली - एक हिंदू घर और मंदिर, अनंत मुखर्जी का घर।
- शेरपुर - श्रीबोर्डी उपजिला में जुबो ओइक्या परिषद के अध्यक्ष का घर।
- नरसिंगडी - घर और कार्यालय।
- किशोरगंज - कुलियारछार में दो हिंदुओं के घर।
- जशोर - भगरपाड़ा के नारिकेलबरिया में चेयरमैन बाबुल साहा का गोदाम, हिंदू समुदाय की 22 दुकानें और कई घर।
- सतखीरा - कोलारोआ क्षेत्र में कई दुकानों।
- हबीगंज - शाइस्तागंज उपजिलें में दुकान।
- नरैल - लोहागरा उपजिले में हिंदुओं के घर।
ओइक्या परिषद के वरिष्ठ संयुक्त महासचिव मोनिन्द्र कुमार नाथ ने कहा कि ऐसा कोई क्षेत्र या जिला नहीं बचा है जहां सांप्रदायिक हमले न हुए हों। नाथ ने डेली स्टार को बताया, 'हमें देश के विभिन्न हिस्सों से घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर हमलों के बारे में लगातार रिपोर्ट मिल रही हैं। वे रो रहे हैं, कह रहे हैं कि उन्हें पीटा जा रहा है, उनके घरों और व्यवसायों को लूटा जा रहा है। हमारा क्या दोष है? क्या यह हमारा दोष है कि हम देश के नागरिक हैं?'
हिंदू कलाकार का 140 साल पुराना घर जलाया
ढाका के धानमंडी में सोमवार को बैंड जोलर गान के फ्रंटमैन राहुल आनंदा के घर में आग लगा दी गई और वह पूरी तरह जल गया। द डेली स्टार अखबार के अनुसार, यह घर लगभग 140 वर्ष पुराना था। राहुल और उसका परिवार सुरक्षित स्थान पर भागने में सफल रहे।
राहुल के एक करीबी पारिवारिक सूत्र ने अखबार को बताया, 'जैसे ही उन्होंने गेट तोड़ा, उन्होंने घर में तोड़फोड़ शुरू कर दी और जो कुछ भी उन्हें मिला, उसे अपने साथ ले गए। उन्होंने फर्नीचर और शीशों से लेकर कीमती सामान तक सब कुछ ले लिया। इसके बाद उन्होंने पूरे घर के साथ-साथ राहुल के संगीत वाद्ययंत्रों को भी आग के हवाले कर दिया।'
Jaishankar
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हमलों पर किस किसने चिंता जताई है?
भारत की तरफ से विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा, 'हम अल्पसंख्यकों की स्थिति पर नजर रख रहे हैं'। विदेश मंत्री ने मंगलवार को राज्यसभा में दिए गए बयान में कहा, 'हम अल्पसंख्यकों की स्थिति पर भी नजर रख रहे हैं। उनकी सुरक्षा और भलाई सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न समूहों और संगठनों द्वारा पहल की खबरें हैं। हम इसका स्वागत करते हैं, लेकिन स्वाभाविक रूप से हम तब तक बहुत चिंतित रहेंगे जब तक कानून और व्यवस्था स्पष्ट रूप से बहाल नहीं हो जाती।'
बांग्लादेश में यूरोपीय संघ के राजनयिकों ने कहा कि वे अल्पसंख्यक समूहों पर हमलों की रिपोर्टों से बहुत चिंतित हैं। ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल बांग्लादेश (टीआईबी) ने एक बयान में धार्मिक अल्पसंख्यकों के घरों, पूजा स्थलों, मंदिरों और व्यवसायों पर हमलों सहित विभिन्न जिलों में सांप्रदायिक हिंसा की घटनाओं की कड़ी निंदा की है।
ह्यूमन राइट्स फोरम बांग्लादेश ने अधिकारियों से लोगों, विशेषकर अल्पसंख्यक समुदायों के जीवन और संपत्तियों की सुरक्षा में जिम्मेदार भूमिका निभाने की अपील की है। हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन ने हिंदू मंदिरों पर हमलों पर चिंता जताते हुए अल्पसंख्यकों की सुरक्षा की आवश्यकता पर जोर दिया है।
Bangladesh Tension
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बांग्लादेश में हिंदुओं की आबादी कितनी है?
अमेरिकी सरकार के अनुमान के मुताबिक, 2023 के मध्य तक बांग्लादेश में कुल जनसंख्या 16.72 करोड़ रही। 2022 की राष्ट्रीय सरकारी जनगणना के अनुसार, देश की आबादी में 91 प्रतिशत हिस्सा सुन्नी मुसलमान हैं और हिंदू लगभग आठ प्रतिशत हैं। बाकी में ईसाई, बौद्ध और शिया मुस्लिम, अहमदी मुस्लिम, बहाई और अन्य कम आबादी वाले समुदाय शामिल हैं।
बांग्लादेश में चटगांव के पहाड़ी इलाकों और उत्तरी जिलों में अल्पसंख्यक रहते हैं। ढाका शहर में मोनिपुरीपारा और क्रिश्चियनपारा, बरिशाल जिले में बरिशाल शहर और गौरनाडी, गोपालगंज जिले में बनियारचर और गाजीपुर और खुलना शहरों में बंगाली और स्थानीय अल्पसंख्यकों की आबादी अपेक्षाकृत अधिक है।