सार
Fiji: फिजी की संसद के नेताओं को संबोधित करते हुए भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, ‘भारत वैश्विक मंच पर मजबूती से उभर रहा है। इस तरह से हम फिजी को एक मजबूत और समृद्ध राष्ट्र बनाने के साझेदारी के लिए तैयार हैं।’
फिजी में संसद को संबोधित भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू।
- फोटो : एएनआई/वीडियो ग्रैब
फिजी यात्रा के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंगलवार को फिजी संसद को संबोधित किया। इस दौरान द्रौपदी मुर्मू ने फिजी के भारत के संबंधों को और मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत और फिजी की जनता के पारस्परिक हितों के लिए साझेदारी की पूरी क्षमता का उपयोग करना होगा। भारत की राष्ट्रपति ने कहा कि दोनों देशों को मिलकर काम करना होगा। फिजी की संसद के नेताओं को संबोधित करते हुए द्रौपदी मुर्मू ने कहा, ‘भारत वैश्विक मंच पर मजबूती से उभर रहा है। इस तरह से हम फिजी को एक मजबूत और समृद्ध राष्ट्र बनाने के साझेदारी के लिए तैयार हैं।’ उन्होंने आगे कहा कि भारत और फिजी के बीच स्वास्थ्य, विनिर्माण, अनुसंधान और नवीकरणीय ऊर्जा का विकास जारी है। भारत और फिजी एक करीबी रिश्ता साझा करते हैं।
संबोधन के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, ‘कृषि, क्षमता निर्माण, जलवायु परिवर्तन, स्वच्छ ऊर्जा, शिक्षा, स्वास्थ्य, विनिर्माण, अनुसंधान, नवीकरणीय ऊर्जा और एसएमई क्षेत्र में फिजी और भारत के बीच सहयोग लगातार मजबूत हो रहा है। हमारे बीच हमेशा घनिष्ठ संबंध रहे हैं। मुझे यह जानकर खुशी हुई कि वैक्सीन मैत्री पहल के तहत वर्ष 2021 में भारत ने फिजी में कोविड-19 के टीके पहुंचाए और सफल राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।’ संबोधन के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भारत और फिजी के बीच उच्च स्तरीय जुड़ाव पर खुशी जताई। उन्होंने विश्वास जताया कि फिजी में स्थापित होने वाले सुपर स्पेशियलिटी कार्डियोलॉजी अस्पताल से फिजी के लोगों की जरूरतें पूरी होंगी।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आगे कहा, ‘हम फिजी में भारत की राजनयिक उपस्थिति के 75 वर्ष पूरे होने का जश्न मना रहे हैं। आज मुझे मुझे भारत और फिजी की विकास परियोजनाओं और जनता पर केंद्रित गतिविधियों में मजबूत वृद्धि देखकर खुशी हो रही है। मुझे बताया गया है कि बीते 18 महीनों में दोनों देशों की तरफ से 15 बार मंत्री-स्तरीय यात्राएं हुई हैं। वर्ष 2023 में भारत-प्रशांत द्वीप सहयोग मंच-3 (एफआईपीआईसी -3) सम्मेलन के दौरान दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों के बीच ऐतिहासिक मुलाकात हुई। इससे दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को नई मजबूती मिली।’ इस दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने फिजी के महान रग्बी खिलाड़ी वैसाले सेरेवी के बारे में बात की। आपको बता दें कि सेरेवी को भारत के नए राष्ट्रीय रग्बी कोच के रूप में नियुक्त किया गया है। उन्होंने कहा, ‘मैं उस दिन का इंतजार कर रही हूं जब भारत और फिजी की रग्बी टीमें एक-दूसरे के साथ खेलेंगी। मैं इस अवसर पर फिजी पुरुष रग्बी टीम को विभिन्न ओलंपिक खेलों में पदक जीतने के लिए बधाई भी देती हूं।’
इससे पहले, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को फिजी के राष्ट्रपति रातू विलियामे मैवलीली कटोनिवेरे ने कंपैनियन ऑफ द ऑर्डर ऑफ फिजी से सम्मानित किया था। इस दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, 'अपनी पहली फिजी यात्रा के दौरान मैनें फिजी के राष्ट्रपति और फिजी के प्रधानमंत्री के साथ सकारात्मक चर्चा की। कंपैनियन ऑफ द ऑर्डर ऑफ फिजी से सम्मानित करने के लिए मैं फिजी सरकार की आभारी हूं। यह सम्मान भारत और फिजी के बीच मजबूत और गहरे रिश्ते का प्रतीक है।' राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू रविवार को फिजी, न्यूजीलैंड और तिमोर-लेस्ते की छह दिवसीय यात्रा पर रवाना हुईं हैं। मुर्मू फिजी के राष्ट्रपति विलियम मैवालिली कैटोनीवरे के निमंत्रण पर 5-7 अगस्त तक फिजी की यात्रा पर हैं। इसके बाद मुर्मू द्वीपीय देश के गवर्नर जनरल सिंडी कीरो के निमंत्रण पर 8 और 9 अगस्त को न्यूजीलैंड की राजकीय यात्रा पर रहेंगी। यह आठ वर्षों के बाद भारत के किसी राष्ट्रपति की पहली न्यूजीलैंड यात्रा होगी।