अमेरिका ने पाकिस्तान को दी जाने वाली सुरक्षा सहायता को वर्ष 2011 से 73 फीसद तक घटा दिया है। अमेरिका ने ये कटौती ओसामा के पाकिस्तान में मारे जाने की घटना के बाद से की है। इस बात का खुलासा कांग्रेसनल रिपोर्ट में हुआ है।
कांग्रेसनल रिसर्च सर्विस ने 2002 से 2015 के बीच पाक को दी गयी सैनिक और आर्थिक दोनों प्रकार की सहायता को कवर किया है। रिपोर्ट इस बात का भी खुलासा करती है कि वर्ष 2011 से आर्थिक सहायता में भी 53 फीसद की कटौती की गई है। इसी माह पेंटागन ने हक्कानी नेटवर्क पर कार्रवाई न करने पर पाकिस्तान को दी जाने वाली तीन सौ मिलियन डॉलर की सैनिक सहायता पर रोक लगा दी है।
2015 में सैनिक सहायता 1.3 बिलियन डॉलर से घट कर 343 मिलियन डॉलर हो गयी है। वहीं अमेरिका ने आर्थिक सहायता को वर्ष 2011 से 1.2 बिलियन डॉलर को घटाकर वर्ष 2015 में 561 मिलियन डॉलर कर दिया है।
पेंटागन ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि पाकिस्तान को मिलने वाली सीएसएफ सहायता का आधा खाने और हथियारों पर खर्च होता है। इन सबके बावजूद रिपोर्ट में बताया गया है कि अब भी 1.2 बिलियन डॉलर
के हथियारों को यूएस से लेने की जुगत में लगा हुआ है पाकिस्तान।