उत्तर कोरिया की एक अदालत ने एक अमेरिकी नागरिक को 'शत्रुतापूर्ण गतिविधियों' के लिए छह साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
उत्तर कोरिया की सरकारी समाचार एजेंसी केसीएनए ने ये जानकारी दी है। मैथ्यु मिलर को अप्रैल में एक पर्यटक के रूप में वहां पहुंचते ही गिरफ्तार कर लिया गया था।
अमेरिका ने आरोप लगाया है कि उत्तर कोरिया मिलर और हिरासत में लिए गए अन्य दो लोगों को कूटनीतिक संबंधों में मोहरे के रूप में इस्तेमाल कर रहा है।
उत्तर कोरिया के अधिकारियों ने मिलर के खिलाफ मामलों को स्पष्ट नहीं किया लेकिन उन्होंने दावा किया कि मिलर ने अपना वीजा फाड़ डाला और शरणार्थी बनने की मांग की।
समाचार एजेंसी एपी की रिपोर्ट के अनुसार सुनवाई के दौरान अभियोजकों ने कहा कि मिलर ने माना है कि वो कुछ समय उत्तर कोरिया की जेल में बिताना चाहते थे ताकि वे उत्तर कोरिया में मानवाधिकारों की स्थिति के बारे में जान सकें।
अदालत में पेश किए गए दस्तावेजों में उन्हें भगोड़ा और विकिलिक्स से जुड़ा बताया गया है। विकिलिक्स वो संगठन है जिसने अमेरिका की गोपनीय दस्तावेजों को सार्वजनिक किया है।