अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने साफ तौर पर कहा है कि यदि चीन उत्तर कोरिया के परमाणु कार्यक्रम को नहीं रोकता है वह अकेले ही उससे निपटने को तैयार हैं। फाइनेंशियल टाइम्स को दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा है कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की आगामी अमेरिकी यात्रा के दौरान वे इस मुद्दे को उठाएंगे।
ट्रंप ने इंटरव्यू में कहा कि उत्तर कोरिया पर चीन का काफी प्रभाव है। उन्होंने कहा- 'या तो चीन उत्तर कोरिया को समझाने में हमारी मदद करेगा नहीं तो अमेरिका उत्तर कोरिया के खिलाफ अकेले ही कार्रवाई को तैयार है।' ट्रंप ने कहा- यदि चीन इसमें हमारी मदद करता है तो यह उसके लिए अच्छा होगा यदि नहीं करता है तो फिर यह किसी के लिए भी अच्छा नहीं होगा।
हालांकि ट्रंप ने स्पष्ट किया है कि वह चीन सहयोग से या चीन के बिना सहयोग से भी उत्तर कोरिया से निपटने के लिए तैयार हैं। व्हाइट हाउस के मुताबिक उत्तर कोरिया अमेरिका के लिए सबसे बड़ा खतरा बनता जा रहा है। इससे पहले पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा ने भी उत्तर कोरिया द्वारा लगातार किए जा रहे मिसाइल परीक्षण को लेकर अमेरिका को आगाह किया था।
व्हाइट हाउस के उप राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार केटी मैकफार्लैंड ने फाइनेंशियल टाइम्स को दिए एक अलग इंटरव्यू में बताया कि उत्तर कोरिया ट्रंप के कार्यकाल पूरा होने तक अमेरिका पर परमाणु हमला करने में सक्षम हो जाएगा।
ट्रंप से इंटरव्यू में पूछा गया कि वे नॉर्थ कोरिया से कैसे निपटेंगे तो उन्होंने कहा कि "मैं आपको ये कतई नहीं बताऊंगा कि ये कैसे होगा। जिस तरह पिछली सरकारों में बता दिया जाता था कि हम मिडल ईस्ट पर हमला करने जा रहे हैं। हम अपनी नीतियों को पहले उजागर नहीं करेंगे।"