इसे लालच की पराकाष्ठा ही कहेंगे। रूस के एक परमाणु हथियार केंद्र के कई वैज्ञानिक सुपर कंप्यूटर का इस्तेमाल बिटक्वाइन बनाने में कर रहे थे। यह सुपर कंप्यूटर रूस के सबसे शक्तिशाली और सुरक्षित सुपर कंप्यूटर में से एक माना जाता है। इन आरोपी वैज्ञानिकों को गिरफ्तार कर फेडरल सुरक्षा सर्विस को सौंप दिया गया है।
बीबीसी और इंटरफैक्स न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक रूस के
परमाणु केंद्र के इन वैज्ञानिकों को इस हफ्ते गिरफ्तार किया गया था। संदेह है कि आरोपी शक्तिशाली सुपर कंप्यूटर का इस्तेमाल बिटक्वाइन माइनिंग के लिए कर रहे थे। अतिक्रमण की यह घटना सारोव फेडरल न्यूक्लियर सेंटर में घटी।
यह उच्च खुफिया केंद्र कंटीले तार से घिरा हुआ है। यहीं पर शीत युद्ध काल में रूस ने अपना पहला परमाणु बम बनाया था और यहां बीस हजार से ज्यादा कर्मचारी काम करते हैं। परमाणु केंद्र की प्रेस सेवा की ओर से कहा गया है कि कंप्यूटर का इस्तेमाल निजी मकसद जैसे बिटक्वाइन के लिए हो रहा था। सभी आरोपी वैज्ञानिकों पर आपराधिक मामला दर्ज कर लिया गया है।