अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने छद्म युद्ध में जुटे देशों से इसे बंद करने के लिए कहा है। ओबामा ने चेताया कि यदि लोगों-समुदायों को घुलने मिलने नहीं दिया जाएगा तो कट्टरवाद की आग जलती रहेगी और आतंकवाद से अनगिनत लोग पीड़ित होते रहेंगे।
संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपने आठवें और अंतिम संबोधन में ओबामा ने कहा कि मध्य पूर्व के देशों और अन्य जगहों पर बढ़ रही चरमपंथी हिंसा को तत्काल रोका नहीं जा सकता है। उन्होंने माना कि कोई भी बाहरी ताकत विभिन्न धर्मों और क्षेत्रों के लोगों को साथ रहने के लिए मजबूर नहीं कर सकती है।
क्षेत्रीय संघर्षों में हमें सभी पक्षों से अपील करनी होगी कि वे इंसानियत-मानवता को समझें और देश हालात बिगाड़ने वाले छद्म युद्धों को बंद करें। ओबामा का यह बयान इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि भारत पाकिस्तान पर हमेशा से छद्म युद्ध का आरोप लगाता रहा है। पाकिस्तान सीमा पार से लश्कर ए ताइबा, जैश ए मोहम्मद जैसे आतंकी संगठनों के जिरए भारत के खिलाफ छद्म युद्ध छेड़े हुए है।
The world is too small, we are all too packed together to be following the old ways of thinking: President Obama speaking at #UNGA
— ANI (@ANI_news) September 20, 2016
... but also through respect for human rights, civil societies, independent judiciaries and the rule of law: US President Obama #UNGA pic.twitter.com/ldBzwyt51r
— ANI (@ANI_news) September 20, 2016