सऊदी अरब के शाही परिवार की सोशल मीडिया पर कटु आलोचना करने वाले उमर अब्दुल अजीज का कहना है कि वह और खशोगी मित्र थे। दोनों ने शाही परिवार के पक्ष में ट्रोल करने वालों से निपटने संबंधी एक परियोजना पर साथ काम किया था। अजीज ने कहा कि उसे जून 2018 में उनके फोन पर एक लिंक मिला। इस लिंक को खोलने के कारण सऊदी अरब के अधिकारी उनके फोन से डाटा लेने में कामयाब हुए।
कनाडा में शरण लिए सऊदी नागरिक और खशोगी के मित्र अब्दुल अजीज ने इस्राइल की सर्विलांस कंपनी के खिलाफ मुकदमा दायर किया है। अजीज ने दावा किया कि कंपनी के अत्याधुनिक जासूसी उपकरणों के माध्यम से उसे निशाना बनाया गया जिसके चलते अंतत: उसके मित्र पत्रकार जमाल खशोगी की हत्या हुई।
तेल अवीव की अदालत में कंपनी के खिलाफ इस संबंध में दायर यह पहला मुकदमा नहीं है। लेकिन वादी के खशोगी और दो अक्टूबर को हुई उनकी हत्या के साथ संबंधित होने से इस मामले के ज्यादा बड़े और हाई-प्रोफाइल होने की संभावना है।