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खशोगी की हत्या से पहले उन्होंने साथी को भेजे थे 400 से ज्यादा व्हाट्सएप संदेश

Tue, 04 Dec 2018 07:58 PM IST
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
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जमाल खशोगी (फाइल फोटो)
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पत्रकार जमाल खशोगी ने अक्तूबर में हत्या होने से पहले अपने एक निर्वासित सऊदी साथी को 400 से ज्यादा व्हाट्सएप संदेश भेजे थे। इन संदेशों में उन्होंने सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान को क्रूर और पैक-मैन कहा था। निजी संदेशों में उन्होंने कहा था कि क्राउन प्रिंस अपने रास्ते में आने वाले अपने समर्थकों समेत किसी भी शख्स को बर्बाद कर सकता है।

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एक रिपोर्ट में पता चला है कि खशोगी ने मॉन्ट्रियल के कार्यकर्ता उमर अब्दुल अजीज को संदेश भेजे थे। अब्दुल अजीज द्वारा साझा किए गए संदेशों में वॉयस रिकॉर्डिंग, तस्वीरें, वीडियो शामिल हैं। खशोगी ने एक व्यक्ति की पेंटिंग वाली तस्वीर भी साझा की है, जो क्राउन प्रिंस की बदमिजाजी से गंभीर संकट में दिखाई पड़ रहा है। 

खशोगी ने मई माह में भेजे अपने एक संदेश में कहा था, ‘जितना अधिक वह चाहते हैं, उतने अधिक लोगों को वह नुकसान पहुंचाते हैं।’ खशोगी ने यह संदेश सऊदी कार्यकर्ताओं के एक समूह को घेरे जाने के बाद किया था। उन्होंने कहा, ‘मुझे कोई हैरत नहीं होगी यदि इस उत्पीड़न की आंच उन्हें समर्थन करने वालों तक भी पहुंचती हो।’

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दोनों ने की शाही परिवार की कटु आलोचना

सऊदी अरब के शाही परिवार की सोशल मीडिया पर कटु आलोचना करने वाले उमर अब्दुल अजीज का कहना है कि वह और खशोगी मित्र थे। दोनों ने शाही परिवार के पक्ष में ट्रोल करने वालों से निपटने संबंधी एक परियोजना पर साथ काम किया था। अजीज ने कहा कि उसे जून 2018 में उनके फोन पर एक लिंक मिला। इस लिंक को खोलने के कारण सऊदी अरब के अधिकारी उनके फोन से डाटा लेने में कामयाब हुए।
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इस्राइल की सर्विलांस कंपनी के खिलाफ मुकदमा

कनाडा में शरण लिए सऊदी नागरिक और खशोगी के मित्र अब्दुल अजीज ने इस्राइल की सर्विलांस कंपनी के खिलाफ मुकदमा दायर किया है। अजीज ने दावा किया कि कंपनी के अत्याधुनिक जासूसी उपकरणों के माध्यम से उसे निशाना बनाया गया जिसके चलते अंतत: उसके मित्र पत्रकार जमाल खशोगी की हत्या हुई। 

तेल अवीव की अदालत में कंपनी के खिलाफ इस संबंध में दायर यह पहला मुकदमा नहीं है। लेकिन वादी के खशोगी और दो अक्टूबर को हुई उनकी हत्या के साथ संबंधित होने से इस मामले के ज्यादा बड़े और हाई-प्रोफाइल होने की संभावना है। 
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