अमेरिका में रह रहे भारतीय अमेरिकी समुदाय ने भारतीय नागरिक कुलभूषण जाधव को जासूसी के जुर्म में पाकिस्तान की एक सैन्य अदालत द्वारा मौत की सजा सुनाए जाने के बाद उनकी जान बचाने के लिए ट्रंप प्रशासन को मामले में दखल देने की मांग वाली व्हाइट हाउस याचिका अभियान किया है।
व्हाइट हाउस की वेबसाइट पर ‘वी द पीपुल पिटीशन’ में कहा गया है कि जाधव के खिलाफ लगाए गए आरोप कि वह भारत के लिए जासूसी कर रहा था, पूरी तरह से गलत और मनगढ़ंत हैं। ट्रंप प्रशासन इस पर कोई प्रतिक्रिया दे इसके लिए 14 मई तक इस पर एक लाख लोगाें के हस्ताक्षर होने जरूरी हैं। इस याचिका में कहा गया है, ‘भारत को कुलभूषण जाधव तक राजनयिक पहुंच नहीं देना स्पष्ट रूप से यह सिद्ध करता है कि जिन आरोपों पर जाधव को मौत की सजा सुनाई गई है वह पूरी तरह से गलत और मनगढ़ंत हैं।’
इसमें आगे कहा गया है, ‘इसको ध्यान में रखते हुए मैं उपयुक्त एंव सक्षम अधिकारियों से मामले में हस्तक्षेप करने और यह सुनिश्चत करने का अनुरोध करता हूं कि जाधव को उस काम के लिए दंडित नहीं किया जाए जो उसने कभी किया ही नहीं।’ गौरतलब है कि नौसेना के पूर्व अधिकारी को पाकिस्तान की एक अदालत ने भारत के लिए जासूसी करने के आरोप में मौत की सजा सुनाई है।