एच-1 बी वीजा की अवधि तीन साल से कम करने के विरोध में भारतवंशियों के स्वामित्व वाली आईटी कंपनियों ने अमेरिकी एजेंसी पर केस कर दिया है। भारतीय मूल के अमेरिकियों द्वारा संचालित 1000 से अधिक छोटी आईटी कंपनियों का प्रतिनिधित्व करने वाले एक वकीलों के समूह ने अमेरिकी आव्रजन (इमिग्रेशन) एजेंसी के खिलाफ मुकदमा दायर किया है।
मुकदमे में आरोप लगाया गया है कि यूएससीआईएस (अमेरिकी नागरिकता और आप्रवासन सेवा) द्वारा दिया जाने वाला यात्रा कार्यक्रम भी गैरकानूनी है। अमेरिकी कंपनियों को विशेष व्यवसायों में विदेशी कामगारों को रोजगार की अनुमति देने वाला गैर-अप्रवासी एच-1 बी वीजा उन लोगों को दिया जाता है जिन्हें तकनीकी विशेषज्ञता हासिल होती है।