गूगल ने अपनी कार कंपनी वायमो की पहली ड्राइवर लेस यानि बिना ड्राइवर वाली कार को लोगों के बीच लाने का फैसला लिया है। करीब 10 साल के रिसर्च के बाद गूगल का ऑटोनॉमस प्रोजेक्ट अब कामयाबी को छूने लगा है। टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक कंपनी एरीजोना के फीनिक्स में रहने वाले 100 परिवारों के लिए ऐसी कार का फ्री ट्रायल किया जा रहा है।
लोगों से उम्मीद की जा रही है कि वे इसमें आगे आकर हिस्सा लें। लोगों को टेस्ट में बुलाने के पीछे का उद्देश्य उन्हें इस कार के बारे में बताना और इसके प्रति उनकी राय भी जानने है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक रोड पर ट्रायल के दौरान पीछे से वायमो को इसके रिसर्चर मैनेज करेंगे।
सिलिकोन वैली में हुए टेस्ट के बाद ऐसा माना जा रहा है कि गूगल की ये कार कैब कंपनियों को बहुत फायदा पहुंचाने वाली हैं। बता दें कि वायमो का तकनीकी रिकॉर्ड बहुत बढ़िया है। कई कंपनियों का मानना है कि लोग इसका इस्तेमाल एक सर्विस की तरह करेंगे। बताया जा रहा है कि उबर इस पर अपनी पकड़ बना सकता है।
दरअसल, वायमो के टेस्ट से ये भी जानने की कोशिश की जा रही है कि लोग बिना ड्राइवर की कार को लेकर क्या भावना मन में रखते हैं और वे इसका कैसे इस्तेमाल करना चाहते हैं। इसके साथ ही वायमो अभी 100 कारे चला रही है, जिसे बढ़ाकर वो 5 गुना करना चाहती है। ऐसा करने से वो मार्केट में पकड़ मजबूत करना चाहती है।