ट्रंप ने ट्रूडो से कहा- क्या तुम लोगों ने व्हाइट हाउस नहीं जलाया था?
Trump asked Trudo - canada burned the White House?
अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपनी अजीबो-गरीब बयानबाजी के लिए मशहूर हैं। कई बार वो ऐसा कुछ कह देते हैं कि लोग या तो चौंक जाते हैं या पेट पकड़कर हंसने लगते हैं।
हाल में भी कुछ ऐसा ही हुआ है। खबरों के मुताबिक राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो को कुछ ऐसा ही कह दिया है। दरअसल पिछले हफ्ते ही अमरीका ने यूरोपीय यूनियन, कनाडा और मेक्सिको से स्टील और एल्यूमीनियम आयात करने पर टैरिफ लगाने का फैसला किया है।
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वो अमरीका की राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनजर ऐसा कर रहे हैं। डोनाल्ड ट्रंप के इस तर्क से हैरान कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने डोनाल्ड ट्रंप से फोन करके पूछ लिया कि उनके साथ व्यापार करने से अमरीका की राष्ट्रीय सुरक्षा को किस तरह खतरा हो सकता है?
इसके जवाब में डोनाल्ड ट्रंप ने कह दिया, 'क्या तुम लोगों ने व्हाइट हाउस नहीं जला दिया था?' डोनाल्ड ट्रंप की इस बात पर कनाडा समेत दुनिया भर के कई लोग हैरान हैं और सोशल मीडिया पर इस बात का मजाक भी बनाया जा रहा है।
ऐसा इसलिए क्योंकि व्हाइट हाउस को 1812 के युद्ध में जलाया गया था और तब कनाडा वजूद में था ही नहीं। कनाडा की स्थापना तो 1867 में हुई है। कनाडा ब्रिटिश उपनिवेश से बना था।
1812 का युद्ध ब्रिटेन और अमरीका के बीच हुआ था। हालांकि अभी ये साफ नहीं है कि डोनाल्ड ट्रंप ने ये मजाक में कहा था या वो इसे लेकर गंभीर थे।
लेकिन उनकी इस बात का ट्विटर पर कई लोग मजाक बना रहे हैं। अमरीका के ही एक ट्विटर यूजर ने लिखा, "हमें ऐसा राष्ट्रपति मिलने में 206 साल लग गए जिसने कनाडा को व्हाइट हाउस जलाने के लिए जिम्मेदार ठहरा दिया।"
एक दूसरे ट्विटर यूजर ने लिखा, "सकारात्मक पक्ष तो देखिए, कम से कम ट्रंप को ये तो पता है कि 1812 का युद्ध क्या था और ये भी कि उस दौरान किसी ने व्हाइट हाउस को जला दिया था।"
न्यूयॉर्क टाइम्स के संवाददाता ग्लेन थ्रुश ने कहा, कुछ युवा रिपब्लिकलन रिसर्चर गूगल पर ढूंढ रहे हैं कि क्या सच में कोई ब्रिटिश-कनाडियन टूकड़ी युद्ध में शामिल हुई थी? 1812 के युद्ध के दौरान ब्रिटिश सेना ने 1814 में व्हाइट हाउस को आग के हवाले कर दिया गया था।
अमरीका और ब्रिटेन के बीच इस युद्ध की कई वजहें थीं।
दरअसल, उस वक्त ब्रिटेन अमरीकी व्यापारी नाविकों को जबरन रोयल नेवी में भर्ती कर रहा था। इसके अलावा उसने अमरीका पर कई व्यापारिक प्रतिबंध भी लगा दिए थे। ब्रिटेन के इन कदमों की वजह से उसके और अमरीका के बीच तनाव हो गया।
इसके अलावा एक वजह ये भी थी कि ब्रिटेन उन नेटिव अमरीकियों को समर्थन दे रहा था जो अमरीकी सरकार की पश्चिम की ओर विस्तार की नीति का विरोध कर रहे थे।
दोनों देशों के बीच गहराए तनाव के बाद मेजर जनरल रोबर्ट रोस के नेतृत्व में ब्रिटिश सेना ने हमला किया और व्हाइट हाउस समेत कई सार्वजनिक इमारतों में आग लगा दी। उस वक्त ऐसा पहली बार हुआ था जब किसी बाहरी ताकत ने वाशिंगटन पर हमला कर दिया था।