अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा देश में हथियार बेचने के कानून पर रोक लगाना चाहते हैं। ओबामा ऐसा कनेक्टिकट में पिछले शुक्रवार न्यूटाउन के सैंडी-हुक स्कूल में हुई गोलीबारी और वहां हुए क़त्ले आम के बाद करना चाहते हैं।
ओबामा के प्रवक्ता जे-कार्ने के अनुसार राष्ट्रपति ओबामा डेमोक्रैट सीनेटरों द्वारा अमेरिकी कांग्रेस के अगले सत्र में इस बिल को लाने की योजना के पक्ष में हैं। इस दौरान देश में हथियार और बारूद की बिक्री संबंधी नियमों में भी फेरबदल किए जा सकते हैं।
पिछले सप्ताह शुक्रवार को सैंडी-हुक स्कूल में हुई घटना के बाद पहली बार नेशनल राइफल एसोसिएशन ने वक्तव्य जारी करते हुए कहा है कि वे इस घटना से काफी दुखी हैं।
नेशनल राइफल एसोसिशन के अनुसार, ''हमारी संस्था में चार लाख लोग हैं जिनमें माता-पिता और बच्चे शामिल हैं। हम सब न्यूटाउन में हुई इस भयावह और पागलपन से प्रेरित घटना से काफी दुखी, क्षुब्ध और टूटे हुए हैं।''
नेशनल राइफल एसोसिएशन इस दिशा में सार्थक मदद करना चाहता है ताकि ऐसी घटना को दोबारा ना दोहराया जाए। एसोसिएशन शुक्रवार को एक प्रेस वार्ता करने वाला है।
बिक्री में बढ़त
बीबीसी संवाददाता पॉल एडम्स के अनुसार शुक्रवार को हुई इस घटना के बाद वहां हथियारों की बिक्री में बढ़त दर्ज की गई है।
इसकी वजह कहीं ना कहीं लोगों के मन में पनप रही वो भावना है, जिसमें उन्हें लगता है कि अमेरिका में हथियारों को लेकर नया कानून लाया जा रहा है। ठीक इसी समय अमेरिका में बंदूक बनाने वाली कंपनियों के शेयर में काफी गिरावट दर्ज की गई है।
इतना ही नहीं न्यूटाउन हमले में जिस बंदूक का इस्तेमाल किया गया था उसे बनाने वाली कंपनी ने अपने मुख्य निवेशक के दबाव में आकर अपने कुछ शेयर बेच दिए हैं। कंपनी का ये फैसला उसके निवेशक 'कैलिफोर्निया टीचर्स रिटायरमेंट फंड' के दबाव में लिया गया है।
पिछले शुक्रवार ऐडम लान्ज़ा नाम के युवक ने बच्चों के एक स्कूल में हमला कर 20 बच्चों समेत 26 लोगों को मार दिया था।
इस बीच न्यूटाउन के अन्य स्कूलों में पढा़ई कर रहे बच्चे वापिस स्कूल लौटने लगे हैं लेकिन सैंडी-हुक स्कूल में अभी भी सन्नाटा पसरा हुआ है।
कमियों को ढंकने की कोशिश
ओबामा ने साल 2004 में हथियारों पर रोक लगाने संबंधी कानून की वकालत की थी। लेकिन तब उन्होंने इसके लिए कोई तारीख़ मुकर्रर नहीं की थी।
व्हाइट हाउस के प्रेस सचिव के अनुसार ओबामा दूसरी तरह के कानूनों के भी पक्ष में हैं। जिनमें व्याप्त कमियों के कारण किसी भी 'गन-शो' में बगैर किसी जांच के हथियार खरीदी जा सकती है।
सीनेटर फीन्सटीन ने संवाददाताओं को बताया कि वो ये कानून जनवरी में महीने में कांग्रेस के पहले सत्र के दौरान ही पेश करने वाली हैं।
प्रवक्ता के अनुसार, ''ये सख्त़ कानून अमेरिका में हो रही हिंसा के जवाब का मात्र एक हिस्सा है। क्योंकि किसी भी एक कदम से इस समस्या से पूरी तरह से निजात नहीं मिल सकता है।''
लेकिन संवाददाताओं के अनुसार डेमोकैट सांसद देश में बंदूक निरोधक कानून लाने के पक्ष में अब ज्य़ादा नरम हुए हैं। ऐसा हथियारों का समर्थन करने वाले सीनेटरों द्वारा इस घटना के बाद कार्रवाई की मांग के बाद मुमकिन हो सका है।
नवंबर महीने में हुए राष्ट्रपति चुनाव के प्रचार के दौरान भी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने हथियारों पर पाबंदी लगाने की वकालत की थी।