फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महिलाओं ने ट्रंप के अमेरिका में हिजाब पहन दिखाई ताकत

Thu, 02 Feb 2017 04:09 PM IST
सलीम रिज़वी न्यूयॉर्क से, बीबीसी हिंदी डॉटकॉम के लिए
विज्ञापन
विज्ञापन
अमेरिका के न्यूयॉर्क शहर में बुधवार को पांचवां विश्व हिजाब दिवस मनाया गया। इसमें मुस्लिम महिलाओं के साथ-साथ गैर मुस्लिम महिलाओं और पुरुषों ने भी शिरकत की। न्यूयॉर्क सिटी हॉल के बाहर आयोजित रैली में बहुत से लोग हिजाब पहनकर आए थे।
विज्ञापन


रैली में शामिल लोगों ने माना कि डोनल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद से हिजाब पहनने वाली कई मुस्लिम महिलाओं को हिंसा या बुरा-भला कहे जाने का अधिक सामना करना पड़ रहा है। ऐसी भी खबरें हैं कि कई मुस्लिम महिलाओं ने हिंसा के डर से हिजाब पहनना छोड़ दिया है।

बहुत से मुसलमान यह मानते हैं कि ट्रंप के मुस्लिम विरोधी बयानों के कारण अमरीका के आम लोगों में मुसलमानों के खिलाफ नफरत बढ़ी है।

मुस्लिम महिलाओं के समर्थन में पहना जा रहा है हिजाब

कुछ दिन पहले राष्ट्रपति ट्रंप ने सात मुस्लिम बहुल देश के लोगों के अमरीका आने पर पाबंदी लगाई थी। इससे मुसलमानों और दूसरे अमेरीका लोगों में नाराजगी है। रैली में शामिल यहूदी अमरीकी महिला और सिटी काउंसिल सदस्य हेलेन रोजेनथॉल भी अपना सर हिजाब से ढके हुए थीं।

वो कहती हैं, "मैं आज हिजाब पहनकर इस रैली में अपनी मुस्लिम बहनों के साथ खड़ी हूं। ऐसा कर मैं बहुत गौरवान्वित महसूस कर रही हूं।'' रोजेनथॉल कहती हैं, ''मैं महिलाओं के हिजाब पहनने के अधिकार के समर्थन में इनके साथ खड़ी हूं। डोनल्ड ट्रंप के अमरीकी राष्ट्रपति बनने के बाद से देश में जो माहौल बना है,

उसके बाद बहुत जरूरी है कि हम सभी मुस्लिम लोगों के साथ खड़े हों।" ट्रंप के विरोध में आयोजित रैलियों में भी कुछ लोग अमेरीका राष्ट्रीय ध्वज को हिजाब के तौर पर पहने हुए और महिला का पोस्टर थामे दिखाई देते हैं।
 

हिन्दू महिलाओं ने भी हिजाब पहनकर किया समर्थन

रैली का आयोजन सामिया बट्ट ने किया। वो कहती हैं, "आज हिजाब दिवस के मौके पर हम हिजाब के बारे में बताते हैं। हम बताते हैं कि इसको हम क्यों पहनते हैं। मु्स्लिम बैन के कानून के बाद जिस तरह यहां भी सभी धर्मों के लोग हमारे साथ आए हैं, यह बहुत अच्छी बात है। हम सब मिलकर हिजाब दिवस मना रहे हैं।"

हिजाब रैली में जो गैर मुस्लिम लोग आए थे उनका कहना था कि वे मु्स्लिम महिलाओं को बदन या सिर ढकने के उनके अधिकार को समर्थन देने आए हैं। एक हिंदू अमेरिकी महिला सुनीता विश्वनाथ ने हिजाब पहनकर रैली को संबोधित किया। उन्होंने श्लोक भी पढ़े। सुनीता विश्वनाथ ने कहा,

"मैं हिंदू हूं, हम श्लोक में कहते हैं 'वसुधैव कुटुंबकम'- यह सिर्फ शब्द नहीं है। इसका मतलब है कि हम सब एक हैं। भेदभाव चाहे हिंदू या मुसलमान या किसी के भी खिलाफ ,वह गलत है। और आजकल अमरीका में मुसलमानों के साथ जो हो रहा है उसके खिलाफ सबको खड़ा होना चाहिए।"
 
विज्ञापन

हिजाब पहनने पर एक मुस्लिम महिला को होना पड़ता था हिंसा का शिकार

मुस्लिम महिलाएं सर पर जो हिजाब पहनती हैं उसको कुछ लोग इस्लाम धर्म में महिलाओं के कथित उत्पीड़न का प्रतीक समझते हैं। लेकिन इस रैली में शामिल हिजाब पहनने वाली महिलाओं का कहना है कि वे अपनी मर्जी से हिजाब पहनती हैं।

रैली में आईं अमेरीकी मुस्लिम महिला पुलिस अफसर अमल अलसोकारी को कुछ दिन पहले हिजाब पहनने के कारण हिंसा का निशाना बनाया गया था। वो कहती हैं, "मैं यहां से पूरी दुनिया को यह बताना चाहती हूं कि मैं अपनी मर्जी से हिजाब पहनती हूं।

जैसे हर महिला को आजादी है कि वह जो चाहें पहनें, हमें भी यह आजादी है कि हम हिजाब पहनें। इस कारण हमें हिंसा का निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए।"
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें