कैलिफोर्निया की सुप्रीम कोर्ट ने चीन के एक अप्रवासी को उसकी मौत के सालों बाद वकालत पेशे की शुरुआत करने के लिए लाइसेंस (लॉ लाइसेंस) दिया है, जिसे 125 साल पहले वकील बनने से रोक दिया गया था।
हांग येन चांग को इसी अदालत ने 1890 में वकालत करने से मना कर दिया था, क्योंकि उन दिनों मंगोल नस्ल के लोगों को अमेरिकी नागरिकता नहीं दी जाती थी।
अपने नौ पन्ने के आदेश में अदालत ने कहा है कि पहले किया गया फ़ैसला गलत था। साल 2011 से ही चांग को लाइसेंस दिए जाने के लिए अभियान चलाया जा रहा था।
चांग वर्ष 1872 में अमेरिका आए थे। उन्होंने येल यूनिवर्सिटी से 1879 में अंडर ग्रेजुएड डिग्री हासिल की और 1886 में कोलंबिया लॉ स्कूल से क़ानून की डिग्री हासिल की थी।