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सीआईए की क्रूरतम अधिकारी जिना हास्पेल बनी विभाग की पहली महिला निदेशक

Sat, 19 May 2018 09:01 AM IST
न्यूयॉर्क टाइम्स न्यूज सर्विस, वाशिंगटन
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अमेरिका में 9/11 के आतंकी हमले के बाद आतंकियों से पूछताछ में क्रूरतम तकनीकों को अपनाने वाली सीआईए अधिकारी जिना हास्पेल अब इसी विभाग की मुखिया होंगी। अमेरिका के 70 साल के इतिहास में जिना पहली महिला सीआईए निदेशक होंगी। लेकिन सच्चाई यह है कि उनके इस क्रूरतम रूप के पीछे वह चीख-पुकार शामिल रहीं, जो हवाई जहाज से किए हमले में वर्ल्ड ट्रेड टावर के धराशायी होते वक्त गूंजी और जिना वह दृश्य देखकर रो पड़ीं।

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बात सितंबर 11, 2001 को शुरू होती है, जिना कुछ दिन पहले ही विदेश में एक अंडरवर्कर पोस्टिंग से लौटी थीं, लेकिन यह अनुभवी अधिकारी इस दिन के टीवी दृश्यों से हैरान थीं। उनकी आंखें भी नम थीं, क्योंकि टीवी पर हमले के दौरान लोगों की भागदौड़ से संबंधित कई कहानियां चल रही थीं। तभी एक नई जिम्मेदारी के लिए जिना को सीआईए के वर्जीनिया मुख्यालय में रिपोर्ट करने का आदेश मिला। बस यहीं से जिना हास्पेल का कैरियर बदल गया। उन्हें 9/11 हमले की खुफिया जांच की नई जिम्मेदारी दी गई।

चूंकि जिना एयरफोर्स के पूर्व सदस्य की बेटी रही हैं और सैन्य अड्डे में उनकी परवरिश हुई है, इसलिए वह जानती थीं कि इस तरह के हवाई हमले कोई साधारण साजिश नहीं हो सकते। जिना ने कहा कि 'मैंने मैनहट्टन में टावर को गिराने वाले वीडियो को देखकर अंदाजा लगा लिया था कि यह बिन लादेन की ही साजिश है। मैं मेज से उठी और सीधे आतंक-निरोधी केंद्र पहुंची और इसे मैंने तीन साल तक नहीं छोड़ा।' हालांकि खुफिया अधिकारी होने के कारण जिना के बारे में किसी के पास उनकी निजी जानकारी नहीं है लेकिन आतंकियों से पूछताछ के तरीकों से वह विवाद में आ गईं।
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जिना ने आतंक-निरोधी केंद्र में वह सब किया जिनकी अमेरिकी कानून तक इजाजत नहीं देता है। गिराए गए वर्ल्ड ट्रेड टावर के पीड़ितों को याद करते हुए उन्होंने पूछताछ के लिए यहां लाए गए कैदियों को बुरी तरह प्रताड़ित किया। उनकी निगरानी में कम से कम तीन वाटरबोर्डिंग के मामले हुए। इसके अलावा और भी कई तरीकों से उन्होंने आतंकवादियों से पूछताछ की। आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए जॉर्ज एस. डब्ल्यू बुश ने उन्हें सम्मानित भी किया था। 

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आतंकियों से पूछताछ के ये भी तौर-तरीके

- आतंकियों को पानी में उल्टा लटकाकर डुबोया गया
- चमड़े का कांटेदार धागा नाक से डाला व मुंह से निकाला
- पैरों की उंगलियों में नाखून निकालकर हथौड़े से चोट की
- बिजली के नंगे तार नाजुक अंगों में डालकर करंट दिया
- लघुशंका के लिए जलते हीटर का इस्तेमाल किया 

मदर टेरेसा को दे चुकी हैं सहयोग

जिना हास्पेल को वर्ष 1980 में अफ्रीका में खुफिया सेवाओं के लिए नियुक्त किया गया था। यह उनकी जासूसी सेवाओं का शुरूआती दौर था, जिसमें उन्हें समाजसेवी संस्थाओं के कार्यकलापों और उनमें चल रही गोपनीय गतिविधियों की कुछ जानकारी हासिल करनी थी। इस दौरान जिना ने मदर टेरेसा को सहयोग दिया और अहम जानकारियां एकत्रित कीं। वह अफ्रीका, यूरोप व दुनिया में कई खुफिया जगहों पर काम कर चुकी हैं।

दोबारा शुरू नहीं करेंगी विवादास्पद अभियान

अपने नामांकन की पुष्टि के दौरान जिना हास्पेल ने अमेरिकी सांसदों को इस बात का आश्वासन दिया है कि वह दोबारा 9/11 आतंकी हमले के बाद चलाए गए पूछताछ अभियान को शुरू नहीं करेंगी। हालांकि उन्होंने स्वीकार किया था कि पूछताछ की उन्हीं तकनीकों के कारण उन्हें ओसामा-बिन-लादेन के पाकिस्तान में छुपे होने की जानकारी मिली थी। वह अब राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी खुफिया जानकारियों से राष्ट्रपति और कैबिनेट को अवगत कराएंगी।
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