अमेरिका में 37 वर्षीय भारतीय कारोबारी को प्रतिबंधित दवाओं के आयात और मनी लॉड्रिंग की साजिश से जुड़े मामले में दोषी ठहराया गया है। एक अमेरिकी वकील ने यह जानकारी दी।
नागपुर से ताल्लुक रखने वाले जितेंद्र हरीश बेलानी को तीन जून को चेक गणराज्य में गिरफ्तार किया गया था और उसके बाद अमेरिका प्रत्यर्पित किया गया।
अमेरिका के न्याय विभाग की ओर से मंगलवार को जारी बयान में कहा गया है कि सिर्फ डाक्टरी परामर्श से उपलब्ध होने वाली दवाओं के आयात के षडयंत्र के आरोपों में बेलानी अधिकतम 20 साल की सजा और लगभग 70 लाख रुपये (10,00,000 अमेरिकी डॉलर) के जुर्माने का सामना कर रहे हैं। हालांकि वास्तविक सजा अपराधों की गंभीरता और पुराने आपराधिक इतिहास (अगर कोई इतिहास है तो) पर आधारित होगी।
बेलानी ने अपने अपराध कबूलनामे वाली याचिका में दवाओं की वितरण कंपनी एलईईएचपीएल चलाने का अपराध स्वीकार किया है।