अमेरिकी वार्ताकार जलमय खलीलजाद ने अफगान सरकार के फैसला का स्वागत करते हुए जल्द ही कतर में तालिबान से वार्ता करने का अनुरोध किया है। इस बीच, अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने भी जल्द ही दोनों पक्षों के बीच वार्ता का विश्वास जताया है। बताया जा रहा है कि गनी आने वाले दिनों में वार्ताकारों की सूची तैयार करेंगे।
दरअसल तालिबान के साथ हुए समझौते के मुताबिक, अमेरिका अगले 14 महीनों में अफगानिस्तान से बाहर निकल जाएगा। जुलाई तक अमेरिकी सैनिकों की संख्या 12 हजार से घटकर 8600 हो जाएगी। हेलमंद प्रांत की राजधानी लश्कर गह और हेरात के कैंप से अमेरिकी सैनिकों ने निकलना शुरू कर दिया है। हेलमंद एसी जगह है जहां तालिबान और अमेरिकी सैनिकों के बीच 18 वर्षों में कई बार खूनी संघर्ष हुए।
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) ने अमेरिका और तालिबान के बीच हुए शांति समझौते का स्वागत करने वाले प्रस्ताव को सर्वसम्मति से पारित कर दिया है। यूएनएससी के सभी 15 सदस्यों ने अमेरिका द्वारा पेश किए प्रस्ताव का मंगलवार को समर्थन किया। प्रस्ताव में समझौते की संयुक्त घोषणा का समर्थन किया गया है।
संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका की कार्यकारी उप स्थायी प्रतिनिधि चेरिथ नॉर्मन चार्लेट ने कहा, प्रस्ताव में समर्थित बातें अफगानिस्तान में हमारे साझेदारों के समन्वय से तालिबान के साथ अमेरिका की एक साल से अधिक समय तक चली अभूतपूर्व कूटनीतिक वार्ता का नतीजा है।