आइसलैंड ने देश के दक्षिण-पश्चिम रेक्जेन्स प्रायद्वीप में भूकंप के कई झटकों के बाद आपातकाल की घोषणा कर दी है। 14 घंटों में 800 झटकों के कारण ज्वालामुखी फटने का खतरा भी मंडराने लगा है। इसे देखते हुए ग्रिंडाविक शहर के लोगों को जल्द से जल्द अपने घर छोड़ने को कहा गया है। आइसलैंड के नागरिक सुरक्षा और आपातकालीन प्रबंधन विभाग ने कहा है कि भूकंप के लगातार झटकों के बाद ज्यादा तीव्रता का भूकंप आने की आशंका बनी हुई है। आइसलैंडिक मौसम विज्ञान कार्यालय के मुताबिक, शुक्रवार मध्यरात्रि के बाद अगले 14 घंटों में यहां करीब 800 झटके दर्ज किए गए, जिनके केंद्र तीन से साढ़े तीन किलोमीटर तक की गहराई पर थे। आइसलैंड की नागरिक सुरक्षा एजेंसी ने एक बयान जारी कर एक मैग्मा सुरंग बनने को लेकर भी चिंता जताई है, जो ग्रिंडाविक तक पहुंच सकती है। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि अभी यह कहना मुश्किल है कि मैग्मा सतह को तोड़ सकता है या नहीं।