नगर में केंद्रीय विद्यालय परिसर के ठीक नीचे जंगल में एक भालू मृत अवस्था में मिला। भालू को देखने के लिए वहां लोगों की भीड़ जुट गई। वन अधिकारियों ने भालू के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए दो पशु डॉक्टरों का पैनल तैयार किया। डीएफओ सर्वेश कुमार दुबे ने बताया कि मादा भालू करीब चार साल का है। प्रथम दृष्टया भालू की मौत पहाड़ी से गिर कर प्रतीत होती है। पोस्टमार्टम में भालू की पसलियां टूटी होने की बात सामने आई है। बुधवार को एक स्थानीय महिला जंगल में लकड़ी लेने गई थी। उसने खाई में एक पेड़ के नीचे भालू को पड़ा देखा तो वहां से भाग गई। इसकी सूचना नगर पालिका को दी गई। पालिका अध्यक्ष संदीप रावत वन कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे। सूचना मिलने पर बदरीनाथ वन प्रभाग के डीएफओ सर्वेश दुबे भी वन कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे। भालू को खाई से निकालकर समतल जगह पर लाया गया। डीएफओ ने बताया कि पोस्टमार्टम में पाया गया कि भालू की पसलियां टूटी हुई हैं और उसकी छाती पर चोट आई है। उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टया आपसी संघर्ष में भालू के खाई में गिरने से मौत होना प्रतीत हो रहा है। पोस्टमार्टम के बाद भालू के शव को जंगल में ही जला दिया गया।