लुधियाना में पंजाब कांग्रेस की संगठनात्मक बैठक के दौरान वीरवार को पार्टी के अंदरूनी विवाद खुलकर सामने आ गए। गुरु नानक देव भवन में आयोजित ‘हर बूथ कांग्रेस मजबूत’ बैठक में पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष और लुधियाना सांसद अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग तथा पूर्व कैबिनेट मंत्री भारत भूषण आशु के समर्थक आमने-सामने हो गए। दोनों गुटों की ओर से जमकर नारेबाजी हुई और स्थिति तनावपूर्ण हो गई। बैठक में पंजाब कांग्रेस प्रभारी भूपेश बघेल भी मौजूद थे। हंगामा बढ़ने पर राजा वड़िंग ने दोनों पक्षों के कार्यकर्ताओं को शांत रहने की अपील की। जब स्थिति नहीं संभली तो उन्होंने कुछ कार्यकर्ताओं को बाहर जाने के लिए कहा। इसी दौरान वड़िंग ने मंच से कुछ समर्थकों को ‘RSS के चमचे’ कहकर बाहर जाने को कहा, जिसके बाद विवाद और बढ़ गया। इससे पहले पूर्व विधायक सिमरजीत सिंह बैंस के मंच पर पहुंचने के दौरान भी उनके समर्थन में नारे लगे। इसके बाद आशु और वड़िंग गुट के समर्थकों ने एक-दूसरे के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। कुछ समय तक वरिष्ठ नेता पूरे घटनाक्रम को देखते रहे। वहीं, एक समर्थक ने भूपेश बघेल की तस्वीर वाली टी-शर्ट लहराते हुए ‘बघेल गो बैक’ के नारे भी लगाए। वड़िंग ने बाद में आशु गुट पर पलटवार करते हुए आरोप लगाया कि खुद को लुधियाना कांग्रेस का सर्वेसर्वा समझने वाले नेताओं के नेतृत्व में पार्टी पिछले चुनाव में शहर की सभी छह विधानसभा सीटें हार गई थी। उन्होंने कहा कि पूरे घटनाक्रम की विस्तृत रिपोर्ट केंद्रीय कांग्रेस आलाकमान को भेजी जा रही है।