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PM Modi on Mamata Banerjee: पीएम मोदी के विकसित भारत वाले बयान पर बवाल, कांग्रेस ने खोला मोर्चा!

Mon, 19 Jan 2026 01:19 AM IST
भास्कर तिवारी वीडियो डेस्क, अमर उजाला डॉट कॉम

प्रधानमंत्री मोदी के विकसित भारत वाले बयान पर कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी कहते हैं, "प्रधानमंत्री मोदी चुनाव प्रचार करने आए थे, उद्योग स्थापित करने नहीं, क्योंकि अगर उनका ऐसा इरादा होता तो वे इतने साल इंतजार नहीं करते.लेकिन चुनाव के मौसम में इस तरह की बयानबाजी करना उन्हें सुविधाजनक लगता है. दो इंजन वाली सरकारों से शासित राज्यों में लोग परेशान हैं; बिहार, ओडिशा, उत्तर प्रदेश को देखिए. पश्चिम बंगाल के प्रवासी मजदूरों पर भी हमले हो रहे हैं।

हाल के सत्रों (दिसंबर 2025-26) के दौरान, जब पीएम मोदी ने विपक्ष पर संसद में "ड्रामे" के बजाय "डिलिवरी" पर ध्यान देने की बात कही, तो अधीर रंजन ने तीखा पलटवार करते हुए कहा कि "पीएम मोदी खुद एक बड़े ड्रामेबाज हैं और ड्रामे के मामले में उनका मुकाबला कोई नहीं कर सकता।" उनका तर्क है कि विकसित भारत जैसे बड़े विजन की बात करना असल मुद्दों से ध्यान भटकाने की एक कोशिश है।

चौधरी ने बार-बार यह सवाल उठाया है कि एक तरफ 'विकसित भारत' का सपना दिखाया जा रहा है, लेकिन दूसरी तरफ देश के प्रवासी मजदूर और गरीब वर्ग असुरक्षित हैं। उन्होंने हाल ही में पीएम मोदी से मुलाकात कर बीजेपी शासित राज्यों में बंगाली भाषी मजदूरों पर हो रहे हमलों और उनके साथ होने वाले भेदभाव का मुद्दा उठाया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब तक देश का आम नागरिक सुरक्षित नहीं है, तब तक 'विकसित भारत' की बातें केवल खोखले वादे हैं।

 संसद के भीतर भी चौधरी ने पीएम के विजन पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार एक तरफ विकास की बात करती है और दूसरी तरफ समाज को बांटने वाली राजनीति। उन्होंने विकसित भारत के "चार स्तंभों" (युवा, महिला, किसान और गरीब) पर पीएम के दावों को यह कहकर चुनौती दी कि सरकार की नीतियों में इन वर्गों के लिए वास्तविक न्याय की कमी है।

 कांग्रेस नेता अक्सर यह तर्क देते हैं कि 'विकसित भारत' के विजन में केवल बड़े कॉरपोरेट्स का भला हो रहा है, जबकि मध्यम वर्ग और बेरोजगार युवा आज भी संघर्ष कर रहे हैं। उनके अनुसार, 2047 का लक्ष्य दिखाना वर्तमान की विफलताओं (जैसे बेरोजगारी और महंगाई) को छिपाने का एक तरीका है।
 

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