ढाका में हुए एक हमले में उन्हें गोली लगी थी और इलाज के दौरान उनका निधन हुआ। बांग्लादेश में शनिवार को शरीफ उस्मान हादी को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। हादी की नमाज-ए-जनाजा में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। परिवार की इच्छा के अनुसार हादी को राष्ट्रीय कवि काजी नजरुल इस्लाम की कब्र के बगल में दफनाया गया।