भिवानी। परीक्षाओं का नकल-मुक्त संचालन अत्यावश्यक है। शिक्षा का स्तर भी तभी उन्नत होगा। जबकि बच्चे अपनी क्षमताओं के बल पर परीक्षाओं में उत्तीर्ण होंगे।
हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की ओर से आयोजित करवाई जाने वाली सेकेंडरी एवं सीनियर सेकेंडरी वार्षिक परीक्षा फरवरी/मार्च 2025 में नकल रोकने के लिए प्रभावी उपायों पर चर्चा करने और उन्हें लागू करने के लिए सभी राजकीय व अराजकीय विद्यालयों के मुखियाओं के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस का निर्णय लिया गया है।
कॉन्फ्रेंस का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के सभी परीक्षा केंद्रों पर पारदर्शिता, अखंडता और परीक्षाओं का सुचारू संचालन सुनिश्चित करना है। नकल रहित परीक्षाओं के अलावा छात्रों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत करवाकर नशामुक्त विद्यालय और नशामुक्त विद्यार्थी का लक्ष्य भी रखा गया है।
बोर्ड प्रवक्ता ने बताया कि विद्यालय मुखियाओं और संबंधित विद्यालय के छात्रों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस गूगल मीट / जूम के जरिए 13 चरणों में अलग-अलग समय पर की जाएगी। पहले चरण का आयोजन 26 दिसंबर को सुबह 11 बजे किया जाएगा। अगले चरण के लिए विस्तृत कार्यक्रम प्रतिभागियों के साथ समय रहते साझा कर दिए जाएगा।
उन्होंने बताया कि संबंधित विद्यालय के मुखिया निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सत्र में शामिल हों। आमंत्रण, एजेंडा और लॉगिन विवरण ई-मेल व व्हाट्सएप संदेशों के माध्यम से सभी संबंधित मुखियाओं को समय-समय पर साझा किए जाएंगे। सभी संस्थाओं में एक समान दिशा-निर्देशों के कार्यान्वयन को सुनिश्चित करने के लिए वीडियो कॉन्फ्रेंस में उपस्थिति अनिवार्य है।
उन्होंने बताया कि वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सभी संबंधित को बोर्ड द्वारा परीक्षार्थियों के हित में अपनाई गई नीतियों से अवगत करवाया जाएगा। इससे परीक्षार्थियों के वार्षिक परीक्षा परिणाम में सकारात्मक सुधार होगा।