कोरबा शहर के मध्य घंटाघर मुख्य मार्ग पर दो सांड पहले खड़े हुए थे उसके बाद अचानक से दोनों लड़ने लगे। लोगों को लगा कि थोड़ी देर बाद शांत हो जाएंगे लेकिन लड़ते लड़ते वह बीच सड़क पर आ आगे। दोनों एक दूसरे पर हमला कर रहे थे जहां इस घटना के बाद सड़क की दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई चार पहिया वाहन एक के बाद एक लाइन से खड़ी रही वही बाइक सवाल भी रुक गए कई बाइक सवार जान जोखिम में डालकर रास्ते से पर हो रहे थे जहां एक बाइक सवार लड़ रहे सांड से टकरा गया जहां से नीचे गिर गया और किसी तरह जान बचाकर मौके से भाग गया नहीं तो उसे गंभीर चोटे भी आ सकती थी। वही दोनों सांड लड़ते समय सड़क किनारे खड़ी कई वाहनों से जा टकराया जहां वाहन एक के बाद एक गिरते हुए नजर आ रहे थे। लगभग दोनों सांड की लड़ाई आधे घंटे तक नजर आई। कुछ स्थानीय दुकानदारों और राहांगीरों ने उन्हें भागने की कोशिश जरूर की लेकिन उसके बाद भी दोनों लड़ते रहे। काम्प्लेक्स पर फोटोकॉपी ग्राफिक के संचालक डायमंड कुमार ने बताया कि अक्सर घंटाघर और आसपास इलाकों में सड़क पर मवेशियों का जमावड़ा देखा जाता है जिससे चलते कई बार सड़क हादसे भी हो चुके हैं सांड लड़ते हुए सड़क पर देखते है कभी भी कोई बड़ी घटना घट सकती है। रवि शंकर निवासी प्रदीप मिश्रा ने बताया कि हॉट बाजार और सड़क किनारे सार्वजनिक जगहों पर अक्सर मवेशियों का जमावड़ा रहता है जहां लोग कई बार इसके शिकार हो चुके हैं मुड़ापार क्षेत्र में बाजार में सांड के हमले से एक बुजुर्ग महिला की मौत भी हो चुकी है। स्थानीय लोगों की मांग है कि ऐसी मवेशियों को पड़कर नगर गौशाला या फिर गौ सेवा करने वाले लोगों के सुपुर्द किया जाए ताकि उनका देखरेख समय पर होता रहे और लोग इस दुर्घटना के होने से बचे। नगर निगम के द्वारा लगातार सड़क किनारे मवेशियों को पकड़ कर गौशाला या गौठान में रख रही है। वहीं पुलिस विभाग के द्वारा भी लगातार मवेशियों के चलते हो रही सड़क दुर्घटनाओं को रोकने उस पर अंकुश लगाने के लिए मवेशियों के गले मे रेडियम लगा रही है ताकि रात के वक्त अंधेरे में नजर आए और इसी तरह की घटना ना हो इससे मैं वैसे भी सुरक्षित रहे और राहगीर भी। वहीं पुलिस के अलावा कई विभिन्न सामाजिक संगठन और गौ सेवक भी इस तरह का प्रयास कर रहे हैं।