फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Uttarkashi News: देश का पहला राजकीय इंटर कॉलेज हर्षिल बंद होने के कगार पर

Sat, 04 Apr 2026 04:17 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
विज्ञापन
विज्ञापन
छात्रसंख्या रह है मात्र 19, इनमें से भी आठ बोर्ड परीक्षा में हुए हैं शामिल
विज्ञापन

उत्तरकाशी। सीमांत भटवाड़ी विकासखंड का राजकीय इंटर कॉलेज हर्षिल घटती छात्रसंख्या के कारण बंद होने के कगार पर है। सरकारी शिक्षा के घटते स्तर के कारण सीमांत घाटी से शिक्षा के लिए पिछले कुछ सालों में तेजी से पलायन हुआ। इससे जीआईसी हर्षिल में मात्र 19 ही छात्र-छात्राओं की संख्या है। उसमें से भी आठ छात्र-छात्राएं बोर्ड परीक्षा में शामिल हुए थे। उसके बाद अब वहां संख्या मात्र 11 ही रह गई है।
भारत-चीन सीमा के समीप राजकीय इंटर कॉलेज हर्षिल देश का पहला उच्चतर माध्यमिक विद्यालय है। यह विद्यालय घाटी के आठ गांव सहित टकनौर क्षेत्र के अन्य गांव के शिक्षा का केंद्र था। लेकिन पिछले कुछ वर्षों में सरकारी शिक्षा के घटते स्तर के साथ ही शिक्षा के लिए सबसे अधिक पलायन हुआ।
विज्ञापन

स्थिति यह हो गई है कि वर्तमान में वहां छात्र संख्या अब 11 ही रह गई है। जबकि वहां पर लगभग सभी विषयों के शिक्षकों की तैनाती है। केंद्र सरकार की ओर से शुरू की गई वाइब्रेंट विलेज योजना के तहत सीमांत गांव को दोबारा आबाद करने के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पर्यटन आदि मूलभूत सुविधाओं को दुरूस्त करने के दावे किए गए लेकिन शिक्षा के स्तर को सुधारने के नाम पर इस योजना के तहत वहां पर मात्र फर्नीचर आदि की सुविधा ही की गई।
विज्ञापन

क्षेत्र के जब सबसे बड़े विद्यालय की यह स्थिति है तो अन्य सरकारी विद्यालयों से उम्मीद करना बेईमानी होगा। खंड शिक्षा अधिकारी हर्षा रावत का कहना है कि प्रयास किया जाएगा कि सात अप्रैल से शुरू होने वाले प्रवेशोत्सव के दौरान वहां पर नए छात्र-छात्राओं का प्रवेश करवाकर संख्या को बढ़ाया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें