उपला टकनौर क्षेत्र के ग्रामीणों ने गंगोत्री हाईवे पर सुक्की पहले बैंड से प्रस्तावित बाईपास सड़क का विरोध किया है। उन्होंने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री को ज्ञापन सौंप कर नए एलाइनमेंट को निरस्त करने की मांग की है। सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह ने भी ग्रामीणों की मांग को जायज बताते हुए केंद्रीय मंत्री से बाईपास रोड का प्रस्ताव निरस्त करने का अनुरोध किया है।
बता दें कि सुक्की गदेरे से गंगोत्री हाईवे पांच जगह पर अवरुद्ध हो जाता है। बरसात में यहां आए दिन सड़क बंद होने से काफी दिक्कतें आती हैं। गंगोत्री हाईवे के लिए नासूर बनी समस्या से निजात दिलाने के लिए बीआरओ ने सुक्की पहले बैंड से झाला तक बाईपास रोड का प्रस्ताव तैयार किया है।
ऐसे में सुक्की, जसपुर, पुराली, झाला आदि गांव हाईवे से अलग-थलग पड़ जाएंगे। ग्रामीण बाईपास रोड का विरोध कर रहे हैं। बीते रोज क्षेत्र के पंचायत प्रतिनिधियों ने दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को ज्ञापन सौंपकर बाईपास रोड निरस्त करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि बाईपास रोड भूस्खलन से लिहाज से बेहद संवेदनशील हिस्से में प्रस्तावित है और वहां बड़ी संख्या में पेड़ों का कटान भी करना पड़ेगा। साथ ही गांव हाईवे से अलग-थलग पड़ने से ग्रामीणों की चार धाम यात्रा पर टिकी आजीविका भी चौपट हो जाएगी।
उन्होंने बाईपास रोड का प्रस्ताव निरस्त कर पुरानी सड़क को ही दुरुस्त कराने की मांग की। सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह ने भी ग्रामीणों की मांग को जायज बताया है। प्रतिनिधिमंडल में चार धाम विकास परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष सूरतराम नौटियाल, विनोद राणा, किशन सिंह, जितेंद्र राणा, गोविंद सिंह आदि शामिल थे।