जोशियाड़ा सेरा में एक कंपनी की ओर से लगाया जा रहा मोबाइल टॉवर का विवाद थम नहीं रहा है। ग्रामीणों के कई बार शिकायत करने के बाद भी टावर का निर्माण बंद नहीं हो रहा है।
ग्रामीणों का आरोप है कि पूर्व में डीएम की ओर से जनहित के लिए टावर का कार्य बंद करवाने का आदेश देने के बाद भी कार्य शुरू करा दिया है। जोशियाड़ सेरा के ग्रामीणों ने डीएम को पत्र भेजकर शीघ्र टावर का कार्य नहीं रुकवाने पर 11 से अनशन की चेतावनी दी है।
बता दें जोशियाड़ा सेरा में जिस जगह पर एक कंपनी मोबाइल टावर लगा रही है, वहां पहले से दो कंपनियों की ओर से मोबाइल टावर लगाए गए हैं। सेरा के ग्रामीण एक ही जगह पर तीन टावर लगने से रेडियेशन के खतरे से डरे हैं।
पूर्व में कंपनी की ओर से विरोध के बावजूद टावर निर्माण कार्य नहीं रोके जाने पर ग्रामीणों के प्रतिनिधिमंडल ने तत्कालीन डीएम श्रीधर बाबू अद्दांकी से मुलाकात कर टावर निर्माण बंद नहीं करवाने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
तब डीएम ने ग्रामीणों का विरोध और जनहित को देखते हुए कंपनी को काम बंद करने आदेश दिए, लेकिन टावर का काम दोबारा शुरू हो गया है। ग्रामीणों ने डीएम दीपेंद्र चौधरी को ज्ञापन प्रेषित कर कंपनी पर राजस्व विभाग के अधिकारियों से गलत रिपोर्ट के आधार पर टावर काम शुरू करवाने का आरोप लगाया।
उन्होंने शीघ्र मोबाइल टावर का काम बंद नहीं करवाने पर 11 जुलाई से कलेक्ट्रेट में भूखहड़ताल शुरू करने की चेतावनी दी है। ज्ञापन पर सत्य नारायण, राकेश नेगी, फते सिंह नेगी, विरेंद्र नौटियाल, महावीर, जमुना देवी व अमरावती आदि के हस्ताक्षर हैं।