विशेष सत्र एवं न्यायाधीश जीएस धर्मशक्तू की अदालत ने किशोरी को बहला फुसलाकर भगाने के मामले में दोषी एक महिला और सहारनपुर निवासी दो युवकों को सात वर्ष के कठोर कारावास व पांच हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
शासकीय अधिवक्ता हुकम सिंह रावत ने बताया कि अप्रैल 2014 को मनिहारन गांव जिला सहारनपुर निवासी जितेंद्र कुमार अपने दोस्त दिनेश कुमार निवासी भरोड़ी जिला सहारनपुर के साथ उत्तरकाशी जिले में अपनी ससुराल आया हुआ था। वह दोनों गांव में आयोजित मेले में गए थे।
इसी दौरान जितेंद्र अपनी छोटी सास की मदद से गांव से एक नाबालिग बालिका को जबरन अपने साथ भगा कर ले गया और दिनेश कुमार के साथ उसका विवाह करवा दिया। बेटी के गायब होने पर उसके पिता ने मई 2014 को थाने में गुमशुदगी दर्ज करवाई।
पुलिस ने जांच शुरू कर जितेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में जितेंद्र के साजिश में लिप्त अन्य दो लोगों के बारे में जानकारी देने पर पुलिस ने उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया। विशेष सत्र एवं न्यायाधीश की अदालत ने बृहस्पतिवार को मामले में सुनवाई की।
अदालत ने मामले में जितेंद्र कुमार, तारा देवी और दिनेश कुमार को दोषी पाते हुए धारा 363, 365, 120 बी और पोक्सो एक्ट के तहत सात वर्ष के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड नहीं चुकाने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।