आम आदमी पार्टी नेता कर्नल अजय कोटियाल (सेनि.) पार्टी से इस्तीफा देकर फिर सुर्खियों में हैं। विधानसभा चुनाव में पार्टी के सीएम चेहरा रहे कर्नल कोठियाल ने चुनाव लड़ने के लिए अपनी कर्मभूमि उत्तरकाशी जिले की गंगोत्री विधानसभा को ही चुना था। यहां लोग आम आदमी पार्टी से नहीं बल्कि बड़ी संख्या में सीधे उनसे जुड़े थे। हालांकि वे जनसमर्थन को वोट में तब्दील करने में सफल नहीं हो पाए।
नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम) में प्रधानाचार्य रहते हुए कर्नल अजय कोठियाल ने उत्तरकाशी जनपद में कई सामाजिक कार्य किए। उन्होंने आर्थिक रूप से कमजोर तबके के लोगों का देहरादून और दिल्ली जैसे बड़े शहरों के अस्पताल में इलाज कराया। सेना भर्ती के लिए युवाओं को तैयार करने के लिए यूथ फाउंडेशन की स्थापना की। इन कार्यों ने उन्हें उत्तरकाशी के लोगों के दिलों में भी जगह दी। यही वजह है कि जब वे गंगोत्री सीट से आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी बनकर चुनाव में उतरे तो उनकी रैलियों में भारी भीड़ उमड़ी। हालांकि यह भीड़ वोट में तब्दील नहीं हो सकी। वहीं, आप के पदाधिकारियों का कहना है कि कर्नल कोठियाल के निर्णय से पार्टी पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा।