लोनिवि ने शासन को भेजा है 19 करोड़ का प्रस्ताव
वायुसेना ने की है रनवे को 150 मीटर बढ़ाने की मांग
चिन्यालीसौड़। सामरिक दृष्टिकोण से चिन्याली हवाई पट्टी के विस्तारीकरण तीन वर्षों से अधर में लटका है। शासन के निर्देश पर लोनिवि की ओर से करीब रनवे को बढ़ाने और भूमि खरीदने के लिए 19 करोड़ का प्रस्ताव भेजा था, लेकिन उस पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे नियमित हवाई सेवाएं संचालित नहीं हो पा रही हैं। वहीं वायुसेना भी विस्तारीकरण की मांग कर चुकी है।
चिन्यालीसौड़ हवाई पट्टी 1165 मीटर लंबा और 30 मीटर चौड़ा है। वायुसेना समय-समय पर अभ्यास करती रहती है। वायुसेना चिन्यालीसौड़ हवाई अड्डे को एडवांस लैंडिंग ग्राउंड के तौर पर कई सालों से उपयोग कर रही है। हर साल हवाई अड्डे पर भारी मालवाहक जहाजों और लड़ाकू हेलिकॉप्टर अभ्यास करते हैं, लेकिन हवाई पट्टी की लंबाई कम होने पर सरकार से इसके विस्तारीकरण की मांग की गई थी।
तीन वर्ष पूर्व शासन के निर्देश पर लोनिवि ने करीब 150 मीटर रनवे बढ़ाने के लिए करीब 19 करोड़ का प्रस्ताव तैयार कर भेजा था, लेकिन उस पर अभी तक कार्रवाई नहीं हो पाई है। वहीं अगर इसका विस्तारीकरण होता है तो इससे जहां वायुसेना को लाभ होगा। वहीं नियमित हवाई सेवा का भी लाभ लोगों और पर्यटकों को मिल पाता। वहां पर अनदेखी के कारण अब टर्मिनल आदि की स्थिति भी बदहाल है।
हवाई अड्डे पर निर्माण कार्य के देखभाल कर रहे यूपी निर्माण निगम के इंजीनियर घनश्याम सिंह ने बताया कि सेना ने रनवे बढ़ाने का प्रस्ताव तीन साल पहले रखा था, लेकिन अभी तक मंजूरी नहीं मिली। अभी पिछला कार्य भी अधूरा है।