यमुनाघाटी के तीन ब्लाकों के दिव्यांगजनों के लिए आए लाखों के सहायक उपकरण दो साल से आईआईटी बड़कोट के एक कमरे में धूल फांक रहे हैं। वहीं दिव्यांगजन सहायक उपकरणों की कमी के चलते परेशानी झेलने को मजबूर हैं।
वर्ष 2019 में यमुनाघाटी के नौगांव, पुरोला व मोरी ब्लाक के दिव्यांगजनों के लिए कानपुर में सहायक उपकरण बनाने वाली एलिम्को कंपनी ने लाखों के सहायक उपकरण भेजे थे, लेकिन समाज कल्याण विभाग ने इन उपकरणों को वितरित करने की जगह आईटीआई बड़कोट के कमरे में बंद कर दिया। दिव्यांगजन सलाहकार बोर्ड के सदस्य सुरेंद्र रावत ने बताया कि शिविर के माध्यम से इनका वितरण किया जाना था, लेकिन समाज कल्याण विभाग के जिम्मेदार लोगों की लापरवाही के चलते इनका वितरण नहीं किया गया। उन्होंने प्रशासन से हस्तक्षेप कर दिव्यांगजनों के लिए आए सहायक उपकरणों का वितरण करवाने की मांग की है। ब्लाक प्रमुख सरोज पंवार ने भी इस पर नाराजगी जताते हुए जिला समाज कल्याण अधिकारी को जल्द उपकरणों को बांटने की मांग की है।
दिव्यांगजनों के लिए आए सहायक उपकरण नौगांव मे थोड़ा बहुत बंटवाए गए हैं। कोविड के चलते भी उपकरणों के वितरण में समस्या आई। पुरोला व मोरी ब्लाक में वितरण के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।
कुलदीप रावत, जिला समाज कल्याण अधिकारी।