उत्तरकाशी। समाज कल्याण विभाग की ओर से मानसिक तौर पर अक्षम दिव्यांगों के लिए लगाए गए शिविर में 211 दिव्यांगों को प्रमाणपत्र जारी किए गए। शिविर में पहले दिन हुई अव्यवस्थाओं से सबक लेकर मंगलवार को पहले दूरस्थ क्षेत्र के दिव्यांगों का परीक्षण किया गया।
जनपद में मनोवैज्ञानिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ न होने के कारण मानसिक तौर पर अक्षम दिव्यांगजनों के प्रमाणपत्र नहीं बन पा रहे थे। बीते नवंबर में खरसाली गांव में लगाए गए स्वास्थ्य शिविर के दौरान यह समस्या सामने आने पर डीएम डा. आशीष चौहान ने शिविर लगवाने की घोषणा की थी। डीएम की पहल पर समाज कल्याण विभाग की ओर से सोमवार को जिला मुख्यालय पर कीर्ति इंटर कालेज में एक दिवसीय शिविर लगाया गया।
शिविर में मोरी के 8, पुरोला के 14, नौगांव के 40, चिन्यालीसौड़ के 73, डुंडा के 80 तथा भटवाड़ी के 82 दिव्यांगजनों का पंजीकरण कराया गया। शिविर में राष्ट्रीय दृष्टि बाधितार्थ संस्थान देहरादून के मनोवैज्ञानिक डा. सुरेंद्र धलवाल ने दिव्यांगों का परीक्षण किया। शिविर में सीएमओ डा. मेजर बचन सिंह रावत, सीएमएस डा. बीएस रावत, बाल विकास के कार्यक्रम अधिकारी मोहित चौधरी, समाज कल्याण के गोपाल राणा आदि ने सहयोग दिया। समाज कल्याण अधिकारी जीत सिंह रावत का कहना है कि दिव्यांगों को शिविर तक लाने, वापस छोड़ने तथा खाने व रहने की व्यवस्था विभाग की ओर से निशुल्क की गई थी।