बड़कोट। अवैध खनन में जुटे कारोबारी यमुना एवं सहायक नदियों के तटों के साथ ही पहाड़ों को खोखला कर रहे हैं, जिससे तटवर्ती हिस्सों में कटाव का खतरा बढ़ता जा रहा है। जिम्मेदार अधिकारी इसकी सुध लेने को राजी नहीं है।
यमुना घाटी में बरनीगाड, कुवां, नौगांव, बगासू, पौंटी, तिलाड़ी, खरादी, किसाला, स्यानाचट्टी, बडियारगाड आदि क्षेत्रों में धड़ल्ले से अवैध खनन चल रहा है। खनन कारोबारी यमुना एवं सहायक नदियों के तटों को खंगालने में जुटे हैं। जगह-जगह नदी तटों तक अवैध सड़कें तैयार कर भारी वाहनों के माध्यम से खनन हो रहा है। यही नहीं यमुनोत्री राजमार्ग और नौगांव-पौंटी-राजगढ़ी-सरनौल मोटर मार्ग पर सड़क किनारे पहाड़ खोद कर पत्थरों का खनन किया जा रहा है। इस हाल में नदियों की तटवर्ती आबादी पर कटाव का तो सड़कों पर भूस्खलन का खतरा मंडरा रहा है। प्रशासन की आंखों के सामने अवैध कारोबार पनपने पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। इस संबंध में एसडीएम मनुज गोयल का कहना है कि अवैध खनन कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। शीघ्र ही खनन वाले स्थलों को दिखाकर अवैध खनन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।