। सिडकुल स्थित प्रिकाल फैक्ट्री से निकाले गए श्रमिकों की कार्य बहाली की मांग को लेकर बृहस्पतिवार को फैक्ट्री के श्रमिकों ने सहायक श्रमायुक्त कार्यालय के समक्ष आमरण अनशन शुरू कर दिया।
बता दें प्रिकाल फैक्ट्री से साथियों को निकाले जाने के खिलाफ फैक्ट्री के श्रमिक पिछले कई दिनों से आंदोलन की राह पर हैं। श्रमिकों के आंदोलन की लगातार हो रही अनदेखी से खफा श्रमिकों ने प्रिकाल मजदूर संगठन के बैनर तले बृहस्पतिवार को आमरण अनशन शुरू कर दिया। सहायक श्रमायुक्त कार्यालय के समक्ष नेहा, रूपा, पूजा, पूनम, मनमोहन और ललित मोहन ने आमरण अनशन शुरू किया। आमरण अनशन पर बैठे श्रमिकों के समर्थन में अन्य श्रमिकों ने धरना दिया।
इस दौरान सभा में श्रमिक नेताओं ने कहा कि उत्तराखंड में बेटियां आमरण अनशन को विवश हो रही हैं। जब तक कार्य बहाली नहीं की की जाती तो उनका आमरण अनशन समाप्त नहीं होगा। वक्ताओं ने कहा 6 सितंबर को सहायक श्रमायुक्त कार्यालय के समक्ष श्रमिकों का महा सम्मेलन होगा इसके बाद नगर में विशाल जुलूस निकाला जाएगा।
इस दौरान हीरालाल सागर, उत्तम वर्मा, कैलाश भट्ट, मुकुल, पूर्णिमा, सुमन, कविता, उर्मिला, माधुरी, बबीता, रागिनी, चांदनी, नीरज, मोहित, भूपेंद्र आदि लोग थे।