स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत संचालित मिशन स्वाभिमान के तहत उत्तराखंड ग्राम्य विकास संस्थान में समुदाय संचालित संपूर्ण स्वच्छता (सीएलटीएस) विषय पर प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रशिक्षणार्थियों ने शनिवार को सुबह 4.30 बजे विभिन्न गांवों में जाकर सीएलटीएस तकनीक (मौके पर जाकर लोगों को मनोवैज्ञानिक तरीके से समझाना) का प्रयोग किया।
इस तकनीक के स्थलीय निरीक्षण के लिए प्रभारी डीएम डॉ. आशीष श्रीवास्तव कई अधिकारियों के साथ इन गांवों में पहुंचे और प्रशिक्षणार्थियों का मार्गदर्शन किया। सुबह सवेरे प्रभारी डीएम समेत कई अधिकारियों का गांव में जमावड़ा देख ग्रामीण सकते में आ गए।
स्वच्छ भारत मिशन को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए जिलाधिकारी ने ग्राम मल्सी में सीएलटीएस तकनीक के प्रयोग का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने खुले में शौच की आदत बदलने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने ग्रामीणों से आह्वान किया कि मल्सी ग्रामसभा को 15 अगस्त से पहले ओडीएफ (खुले में शौच मुक्त) कर लिया जाए। ग्राम प्रधान मल्सी पारो ने बताया कि गांव में जिन लोगों के शौचालय बन गए हैं वे सभी शौचालयों का प्रयोग कर रहे हैं।
ग्रामसभा मल्सी के प्रात: कालीन भ्रमण पर प्रभारी डीएम के साथ परियोजना निदेशक बालकृष्ण, जिला विकास अधिकारी आरसी तिवारी, परियोजना प्रबंधक स्वजल भीम सिंह, मुख्य कृषि अधिकारी पीके सिंह, ग्राम प्रधान गौसीकुंआ रेखा देवी, मुख्य प्रशिक्षक विनोद कुमार मिश्र आदि थे।