किसानों का गेहूं 2125 प्रति क्विंटल की दर से खरीदेगी सरकार
संवाद न्यूज एजेंसी
रुद्रपुर। रबी विपणन सत्र 2023-24 शनिवार से शुरू होने जा रहा है, लेकिन गेहूं खरीद को लेकर जिला प्रशासन से लेकर क्रय एजेंसियों की सभी तैयारियां अधूरी हैं। लापरवाही का आलम यह है कि अभी तक गेहूं क्रय केंद्रों की साफ-सफाई तक नहीं की गई है। इतना ही नहीं शुक्रवार शाम तक भी अधिकारियों के पास गेहूं खरीद नीति के जारी होने के संबंध में पुख्ता जानकारी नहीं थी। इधर, जिले में असमय हो रही है बारिश से गेहूं बर्बाद होने से किसानों के सामने नया संकट खड़ा हो गया है।
गेहूं खरीद खरीद के लिए ऊधम सिंह नगर, नैनीताल और चंपावत जिले में कुल 166 क्रय केंद्र खोले गए हैं। चूंकि उत्तराखंड में सबसे अधिक गेहूं का उत्पादन ऊधम सिंह नगर जिले में होता है, इसके बावजूद यहां अभी तक गेहूं की खरीद को लेकर तैयारियां पूरी नहीं हुई हैं। शुक्रवार को रुद्रपुर गल्ला मंडी में आरएफसी के क्रय केंद्र पर सन्नाटा पसरा रहा। कोई भी कर्मचारी अथवा अधिकारी क्रय केंद्र पर गेहूं खरीद को लेकर तैयारियां करता नजर नहीं आया।
आरएफसी कुमाऊं भवान सिंह चलाल कहते हैं कि कुमाऊं मंडल के तीन जिलों में गेहूं की सरकारी खरीद होनी है। शनिवार से गेहूं की खरीद शुरू होनी है। हालांकि अभी कुछ दिन तक क्रय केंद्रों पर गेहूं के नहीं पहुंचने की संभावना है। उन्होंने बताया कि सभी क्रय एजेंसियों के कर्मचारियों को गेहूं खरीद को लेकर तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। पिछले साल गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2015 रुपये प्रति क्विंटल था, इस बार 110 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। इस बार किसानों का गेहूं 2125 रुपये प्रति क्विंटल की दर से खरीदा जाएगा।